जदयू सूत्रों ने बताया कि पार्टी नेतृत्व ने हरिवंश के पास उद्घाटन समारोह से दूर रहने का संदेश भिजवाया था। संदेश के बावजूद उद्घाटन समारोह में शिरकत करने से पार्टी नेतृत्व उनसे बेहद नाराज है। हरिवंश ने समारोह में शामिल होकर नेतृत्व के निर्देशों की अवहेलना की।
नए संसद भवन के उद्घाटन कार्यक्रम में शामिल होने से नाराज जदयू राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश को पार्टी से निलंबित करने की तैयारी कर रही है। पार्टी ने हरिवंश पर पद के लिए जमीर बेचने का आरोप लगाया है। गौरतलब है कि हरिवंश न सिर्फ रविवार को उद्घाटन समारोह में शामिल हुए थे, बल्कि नए संसद भवन में राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति का संदेश भी पढ़ा था।
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जदयू सूत्रों ने बताया कि पार्टी नेतृत्व ने हरिवंश के पास उद्घाटन समारोह से दूर रहने का संदेश भिजवाया था। संदेश के बावजूद उद्घाटन समारोह में शिरकत करने से पार्टी नेतृत्व उनसे बेहद नाराज है। हरिवंश ने समारोह में शामिल होकर नेतृत्व के निर्देशों की अवहेलना की।
भाजपा से नाता टूटने के बाद भी नहीं दिया था इस्तीफा
बीते साल जब जदयू ने भाजपा से नाता तोड़ा था, तब पार्टी नेतृत्व को उम्मीद थी कि हरिवंश खुद ही उपसभापति पद से इस्तीफा दे देंगे। हालांकि, ऐसा नहीं हुआ।
यूपीए-1 सरकार जैसी स्थिति
यूपीए-1 सरकार के कार्यकाल के दौरान लोकसभा में ऐसी ही स्थिति बनी थी जब तत्कालीन स्पीकर सोमनाथ चटर्जी ने माकपा नेतृत्व के निर्देश के बावजूद पद से इस्तीफा नहीं दिया था। इससे नाराज माकपा ने चटर्जी को पार्टी से निलंबित कर दिया था।
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पार्टी नेतृत्व करेगा कार्रवाई पर फैसला
जदयू के प्रवक्ता नीरज कुमार ने कहा कि हरिवंश ने पद के लिए अपनी लेखनी और जमीर को बेच दिया। पार्टी नेतृत्व तय समय पर फैसला करेगा कि उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की जाए।