तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जयललिता को रविवार को एक बार फिर अपोलो अस्पताल के इनटेंसिव केयर यूनिट में शिफ्ट किया गया है। एक पखवाड़े पहले उन्हें अस्पताल के प्राइवेट रूम में शिफ्ट किया गया था। मुख्यमंत्री को एक्स्ट्रा कॉरपोरल मेमब्रेन ऑक्सीजनेशन (ईसीएमओ) हर्ट डिवाइस पर रखा गया है। यह दिल और सांस लेने संबंधी समस्याओं में मदद करता है।
क्या है ईसीएमओ (ECMO)
#ईसीएमओ का मतलब एक्स्ट्रा कॉरपोरल मेमब्रेन ऑक्सीजनेशन होता है।
#दिल के दौरे से पीड़ित मरीजों के लिए ईसीएमओ का इस्तेमाल लाइफ सपोर्ट सिस्टम के तौर पर होता है। परंपरागत सीपीआर पैमाने पर उदासीन मरीजों के लिए इसका इस्तेमाल रेस्क्यू थेरेपी के तौर पर होता है।
#ईसीएमओ मशीन नसों में बह रहे खून के सहारे काम करती है। ईसीएमओ खून में आक्सीजन जोड़ती है और कार्बन डाइऑक्साइड हटाती है। इसके साथ ही यह खून को गर्म करती है और धमनी में भेजती है। कुछ मामलों में यह पूरे शरीर में खून को प्रवाहित भी करती है। यह रक्त को हृदय और फेफड़ों से भी बायपास करने देती है।
#खासतौर पर ECMO का इस्तेमाल उस केस में होता है, जहां डॉक्टरों को यह विश्वास होता है कि दिल के दौरे को कारणों को पलटा जा सकता है।