ITPO: कोलनमेस्से के एमडी मिलिंद दीक्षित ने बताया कि व्यावसायिक अवसरों के लिए नए शोध, व्यावसायिक संबंधों को बढ़ावा देने, और कार्यस्थलों के भविष्य को आकार देने वाले नवाचारों का प्रदर्शन करने के लिए वैश्विक और स्थानीय लीडर्स को एक साथ लाने का प्रयास किया जा रहा है।
अब तक अमेरिका या दुबई के हाई फाई और चमकीले कार्यालयों को देखकर भारतीयों को यही लगता था कि काश ऐसे कार्यालय देश में भी होते और वहां उन्हें काम करने का अवसर मिल पाता। लेकिन यदि सब कुछ ठीक ठाक रहा तो जल्द ही भारत में भी कार्यालयों की तस्वीर न्यूयॉर्क और दुबई के कार्यालयों जैसी होगी। ऑर्गाटेक इंडिया अब दुनिया के वास्तुकारों को एक मंच पर लाकर भारत के इंटीरियर डिजाइनिंग की दुनिया में बड़ा बदलाव करने की कोशिश करने जा रहा है। इसमें आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की भूमिका अहम रहने वाली है। यानी आने वाले समय में कार्यालयों के कामकाज में एआई की भूमिका बढ़ने वाली है।
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दरअसल, कोलन मस्से इंडिया और ओरगाटेक इंडिया ने बताया है कि जियो कन्वेंशन सेंटर में एक आयोजन के साथ देश में नई तकनीक आधारित इंटीरियर्स की भूमिका बढ़ने वाली है। इसके अंतर्गत कर्मचारियों के कामकाज करने का तरीका ही नहीं, बल्कि उनकी तकनीकी भी पूरी तरह बदलने वाली है। इसके बाद देश के कार्यालय गूगल और मेटा कंपनियों के भव्य कार्यालयों को टक्कर दे सकेंगे। इसकी तैयारी लगभग अंतिम दौर में है और जल्द ही इस पर काम शुरू हो जाएगा।
कोलनमेस्से के एमडी मिलिंद दीक्षित ने बताया कि व्यावसायिक अवसरों के लिए नए शोध, व्यावसायिक संबंधों को बढ़ावा देने, और कार्यस्थलों के भविष्य को आकार देने वाले नवाचारों का प्रदर्शन करने के लिए वैश्विक और स्थानीय लीडर्स को एक साथ लाने का प्रयास किया जा रहा है। इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इंटीरियर डिजाइनर्स के हेमंत सूद ने कहा कि आंतरिक डिजाइन के लिए अखिल भारतीय निकाय के रूप में, हम ओरगाटेक इंडिया के प्रयासों का समर्थन करने के लिए भारत भर में अपने 10,000 सदस्यों और 35 अध्यायों का लाभ उठाते हैं। यह साझेदारी भारतीय आंतरिक डिजाइन उद्योग के लिए एक गेम-चेंजर साबित होगी।