Indo-Tibetan Border Police (ITBP) jawans
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भारत-चीन सीमा की जमा देने वाली ठंड और कम आक्सीजन में भी पांव न डिगें इसके लिए आईटीबीपी के जवानों ने पाकिस्तान सीमा से लगते थार रेगिस्तान में 200 किलोमीटर की ‘फिट इंडिया’ वॉकेथॉन में हिस्सा लिया। 31 अक्तूबर को शुरू हई इस तीन दिवसीय वॉकेथॉन में आईटीबीपी के डीजी एसएस देसवाल भी शामिल रहे।
देसवाल ने वॉकेथान पूरी करने के बाद कहा, 'हमारे जवान जोश से लबरेज हैं। भारत-चीन सीमा पर जारी गतिरोध के बावजूद लद्दाख क्षेत्र पूरी तरह सुरक्षित है और हमारे जवानों के जज्बे में कोई कमी नहीं है।' फिट इंडिया वॉकेथान को केंद्रीय खेल मंत्री किरेन रिजिजू ने नाथूवाला गांव से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया था।
देसवाल ने कहा, '3488 किलोमीटर तक फैली चीन सीमा की निगहबानी करने वाले आईटीबीपी जवानों को फिट रखना हमारी जिम्मेदारी है। इसके लिए समय समय पर ऐसे आयोजन होते रहते हैं। यह दुनिया की सबसे दुर्गम सीमा है। 10 हजार फुट की ऊंचाई पर स्थित भारत चीन सीमा पर अक्सर आक्सीजन का स्तर इतना नीचे रहता है कि यहां घास का एक तिनका तक नहीं उगता। वहीं माइनस 45 डिग्री तक तापमान में सरहद की निगहबानी करना आसान नहीं है। ऐसे में हम सुनिश्चित करते हैं कि हमारे जवानों की फिटनस में कोई कमी न आए।
गौरतलब है कि आईटीबीपी के करीब 90 हजार जवान चीन के साथ 3488 किलोमीटर लंबी वास्तविक नियंत्रण रेखा की सुरक्षा का जिम्मा संभालते हैं।