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पूर्वांचल की ‘बड़ी मछलियों’ पर जाल डालने की तैयारी

Wed, 28 Dec 2016 03:18 AM IST
रबीश श्रीवास्तव/ अमर उजाला, वाराणसी
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- फोटो : income tax
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नोटबंदी के बाद पुराने नोट जमा करने, बदलने के मामले में आयकर विभाग पूर्वांचल की ‘बड़ी मछलियों’ पर जाल डालने की तैयारी में है। पूर्वांचल के 19 जिलों के बैंकों से संदेहास्पद खातों का ब्योरा विभाग के पास पहुंच गया है। विभाग की जांच शाखा इनके रिकार्ड खंगालने में जुटी है।
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आठ नवंबर के बाद एक करोड़ रुपये से अधिक ट्रांजेक्शन वाले खाते विभाग के रडार पर हैं। अब तक वाराणसी, इलाहाबाद, गोरखपुर, गाजीपुर में ऐसे मामलों में विभाग ने अघोषित आय की जांच की है। नधन खातों में जमा-निकासी का अलग ब्योरा तैयार किया गया है। उसकी अलग जांच चल रही है।

नोटबंदी के बाद से जहां पुराने नोट जमा करने और बदलने के मामले में बैंकों की गतिविधियों पर सवाल खड़ा हो रहे हैं वहीं अब आयकर विभाग ने भी शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। बनारस स्थित आयकर विभाग की जांच शाखा ने बनारस, गोरखपुर, इलाहाबाद, कुशीनगर समेत 19 जिलों में बैंकों से रिकार्ड तलब किया था।
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जनधन, बचत, चालू आदि खातों में जमा/ बदले गए नोटों का खातावार विवरण प्राप्त होने के बाद अब आयकर विभाग बड़ी कार्रवाई की तैयारी में है। इसी महीने की 13 दिसंबर को गाजीपुर में एक चाय विक्रेता के जनधन खाते में जमा 27 लाख रुपये सीज कर दिए थे।

इसकी पुष्टि अपर निदेशक जांच अभय ठाकुर ने 14 दिसंबर को पत्रकारों से बातचीत में की थी। वाराणसी, इलाहाबाद और गोरखपुर में भी अघोषित आय के ऐसे कई मामले विभाग की नजर में हैं। गोरखपुर के एक एमआरआई सेंटर सहित कुछ बड़े शोरूम में सर्वे भी हो चुका है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि जो भी संदेहास्पद खाते हैं या फिर एक करोड़ से अधिक का ट्रांजेक्शन हुआ है, उनकी जांच की जा रही है।
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तीन अलग श्रेणी में हो रही जांच, ये जिले हैं जांच के दायरे में

आयकर विभाग
विभाग की जांच शाखा की ओर से जो रिकार्ड तलब किए गए हैं, उसके आधार पर तीन श्रेणी में जांच हो रही है। इसमें जनधन खाते का दुरुपयोग, एक करोड़ से अधिक के लेन-देन वाले सभी खातों के साथ ही कुछ संदेहास्पद खातों को भी जांच के दायरे में शामिल किया गया है।

विभाग के एक बड़े अधिकारी के मुताबिक जहां-जहां से सूचनाएं आती जा रही है वहां जांच की जा रही है। इसमें ज्वेलर्स, मिठाई, कपड़े के शोरूम आदि शामिल हैं।

बनारस, चंदौली, संत रविदास नगर, जौनपुर, सुल्तानपुर, प्रतापगढ़, आजमगढ़, गोरखपुर, कुशीनगर, देवरिया, महराजगंज, संतकबीरनगर, इलाहाबाद, सोनभद्र, फतेहपुर, मिर्जापुर आदि वाराणसी कार्यालय के अंतर्गत शामिल हैं।
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