भारत में इस्राइल के राजदूत रुवेन अजार ने अमेरिकी राष्ट्रपति चुनावों में डोनाल्ड ट्रंप की जीत और यहां की संभावित विदेश नीति में बदलाव पर चर्चा की। साथ ही मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच भारत से क्या कुछ उम्मीदें हैं इस पर भी बात की। साथ ही बताया कि पश्चिम एशिया संघर्ष को समाप्त करवाने में भारत की भूमिका अहम है।
हम पहले भी ट्रंप के साथ कर चुके हैं काम: अजार
उन्होंने यह पूछे जाने पर कि इस्राइल किस नीतिगत बदलाव की उम्मीद कर रहा है, उन्होंने चुनावी परिणाम को अमेरिका की राजनीति में काफी महत्वपूर्ण विकास कहा। अजार ने कहा कि चूंकि वे पहले भी ट्रंप प्रेसीडेंसी के साथ बातचीत कर चुके हैं और काम कर चुके हैं, इसलिए इस्राइल जानता है कि वे कैसे काम करते हैं। हम उनके साथ जुड़ने के लिए उत्सुक हैं। पहले ट्रंप प्रशासन के दौरान मध्य पूर्व में बहुत सारी उपलब्धियां हासिल की गई थीं, खासकर अब्राहम समझौता। हम इसके विस्तार की उम्मीद कर रहे हैं।
खतरों को बेअसर करने में अगर रहे सफल....
उन्होंने यह भी कहा, 'सबसे पहले हमें युद्ध को खत्म करने, काम को खत्म करने, हमारे क्षेत्र में हमारे खिलाफ मौजूद खतरों को बेअसर करने पर ध्यान केंद्रित करना होगा। अगर हम उन खतरों को बेअसर करने में सफल होते हैं, तो मुझे लगता है कि यह उस स्थिरता और समृद्धि को बनाने की नींव रखेगा जो हम सभी चाहते हैं।'
'गाजा पर ध्यान देना जरूरी'
हमास द्वारा अमेरिका को इस्राइल का समर्थन नहीं करने की चेतावनी पर राजदूत ने कहा, 'मुझे लगता है कि हमें अभी यह सुनिश्चित करने पर ध्यान देना चाहिए कि गाजा अब हमास द्वारा बंधक नहीं बनाया जाए।'
भारत इसका एक अनिवार्य हिस्सा
राजदूत अजार ने कहा कि पश्चिम एशिया में संघर्षों के समाधान की दिशा में आगे बढ़ते हुए भारत इसका एक अहम हिस्सा बनने जा रहा है, क्योंकि उसके पास हमारे क्षेत्र के देशों को देने के लिए बहुत कुछ है। पश्चिम एशिया संघर्ष को समाप्त करवाने में भारत की भूमिका अहम होगी।
भारत सरकार से क्या कुछ अपेक्षा
उन्होंने पश्चिम एशिया में तनाव के मामले में भारत सरकार से इस्राइल की अपेक्षाओं पर भी बात की। उन्होंने कहा, 'हम भारत सरकार के साथ अपनी बातचीत जारी रख रहे हैं। हम सभी एक ऐसी स्थिति का इंतजार कर रहे हैं, जिसमें हम एशिया और यूरोप के बीच कनेक्टिविटी की परियोजनाओं में फिर से शामिल हो सकें और इस क्षेत्र की सरकारों के साथ मिलकर लॉजिस्टिक और आर्थिक बुनियादी ढांचे की नींव रख सकें, जिसकी हमें ज्यादा व्यापार करने, तकनीक में अधिक सहयोग करने और दुनिया के आम लोगों की रोजमर्रा की समस्याओं को हल करने के लिए जरूरत है।'