भारत ने कोरोना महामारी के दौर में भी विश्व के अन्य देशों के प्रति हमेशा की तरह मदद का हाथ बढ़ाया है। अब तक विश्व समुदाय के लिए 229.7 लाख यानी सवा दो करोड़ से ज्यादा कोरोना टीकों की खुराक की आपूर्ति की जा चुकी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अनुराग श्रीवास्तव ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि टीकों की 64.7 लाख डोज अनुदान के तौर पर मुहैया कराए गए हैं, जबकि 165 लाख डोज व्यावसायिक आधार पर दिए गए। उन्होंने बताया कि आने वाले सप्ताहों में हम अफ्रीका, लैटिन अमेरिका व प्रशांत महाद्वीप के अन्य देशों को भी कोरोना के टीके प्रदान कराएंगे।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कृषि कानूनों के विरोध को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि कनाडा के पीएम ट्रूडो ने लोकतांत्रिक रूप से संवाद के मार्ग को चुनने के लिए भारत सरकार के प्रयासों की सराहना की है। उन्होंने कनाडा में भारतीय राजनयिक कर्मियों और परिसर को संरक्षण प्रदान करने में अपने सरकार की जिम्मेदारी को भी स्वीकार किया है।
अनुराग श्रीवास्तव ने कहा कि मुंबई आतंकी हमले के आरोपी तहव्वुर राणा के अमेरिका से प्रत्यर्पण पर सरकार कड़ी नजर रख हुए है। हम जल्द से जल्द उसके प्रत्यर्पण के लिए प्रयास कर रहे हैं। इसे लेकर कोर्ट में सुनवाई 22 अप्रैल, 2021 को शुरू होगी।
बता दें, बीते दिनों राणा के वकील ने अमेरिकी अदालत में कहा था कि इस बात का कोई संकेत नहीं है कि भारत ने हमलों के एक अन्य आरोपी डेविड कोलमैन हेडली के प्रत्यर्पण का अनुरोध करना बंद कर दिया है। राणा (69) हेडली के बचपन का मित्र है और भारत ने 2008 के मुंबई हमलों में उसकी संलिप्तता के कारण उसके प्रत्यर्पण का अनुरोध किया है। मुंबई आतंकी हमले में छह अमेरिकियों समेत 166 लोगों की मौत हो गई थी। राणा को भारत में भगौड़ा घोषित किया जा चुका है जबकि वह खुद को भारत प्रत्यर्पित करने का विरोध कर रहा है।