वाराणसी की सड़कों पर इस तरह का दृश्य आम है
- फोटो : अमर उजाला
जिंदगी में तनाव हो या फिर शहर में पॉल्यूशन भारतीय कई मामलों में सबसे आगे हैं। विश्वभर में कई एजेंसिया समय समय पर रिसर्च कर भारतीयों के आगे होने की कहानी कहती रहती हैं। प्रदूषण फैलाने को लेकर भारतीय कई-कई बार विश्व में आगे की कतार में शामिल रह चुके हैं लेकिन अब जब तनावग्रस्त शहरों की सूची जारी की तो भी भारतीय शहर ही अव्वल आ गए हैं।
पढ़ें: इन कारणों से 'जहर' में बदल रही पवित्र गंगा नदी
तनाव और प्रदूषण लोगों की जिंदगी कम कर रहा है। लेकिन भारत के कुछ शहर प्रदूषण हो या फिर टेंशन दोनों में ही अव्वल हैं। और ये बातें रिसर्च में सामने आ रही है। दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, चेन्नई सहित कई राज्यों में रहने वालों के हालात तो पॉल्यूशन और तनाव दोनों ही मामलों में चिंताजनक बनी हुई है। पिछले दिनों आई विश्व स्वास्थ्य संगठन की रिपोर्ट ने ये खुलासा किया कि अगर इन राज्यों में प्रदूषण को कम किया जाए तो भारतीयों की उम्र चार साल बढ़ सकती है।