देश की समुद्री सीमाओं की साइबर सुरक्षा पुख्ता करने के लिए नौसेना मंथन करने जा रही है। इसमें समुद्री क्षेत्र में बढ़ते साइबर खतरों और इनसे राष्ट्रीय सुरक्षा व अंतरराष्ट्रीय संबंधों पर पड़ने वाले असर के विषय पर बृहस्पतिवार को विचार-विमर्श किया जाएगा।
इसमें विभिन्न मंत्रालयों के अलावा राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद सचिवालय (एनएससीएस) के विशेषज्ञ भी हिस्सा लेंगे। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि केंद्रीय इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्यमंत्री जितिन प्रसाद होंगे। आयोजन का उद्देश्य समुद्री अवसंरचना पर मंडराते साइबर खतरों के प्रति जागरूकता बढ़ाना, इस बारे में रणनीतिक सहयोग सुदृढ़ करना और राष्ट्रीय साइबर सुरक्षा ढांचे को मजबूत बनाना है। कार्यक्रम में वैश्विक साइबर खतरे और समुद्री अवसंरचना, नागरिक व सैन्य साझेदारी और महत्वपूर्ण सूचना अवसंरचना पर पैनल चर्चाएं होंगी।
ऑपरेशन सिंदूर के बाद बढ़े हमले
रक्षा एजेंसी ने चीन व पाकिस्तान से बढ़ते साइबर हमलों के बीच जून में भी 12 दिवसीय साइबर सुरक्षा अभ्यास किया था। जिसका उद्देश्य देश के सुरक्षा ढांचे के साइबर कौशल का परीक्षण करना था। ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत पर 15 लाख साइबर हमले हुए थे, जिनमें अहम प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया। हालांकि 99.99 प्रतिशत हमलों को नाकाम कर दिया गया।