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Act of Terror: नौसेना प्रमुख बोले- आतंकी कृत्य को 'युद्ध' मानना अहम नजरिया; सैन्य परिचालन में जुड़ा नया आयाम

Fri, 27 Jun 2025 08:16 PM IST
ज्योति भास्कर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

आतंकवादी वारदात को लेकर भारत के नए दृष्टिकोण को नौसेना प्रमुख ने बड़ा बदलाव बताया है। उन्होंने कहा कि आतंकी कृत्य को 'युद्ध' मानने का भारत का नजरिया सैन्य परिचालन के लिहाज से अहम है। उन्होंने कहा कि इससे मिलिट्री परिचालन में नया आयाम जुड़ा है। जानिए क्या है पूरा मामला
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नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी के बयान का अंश - फोटो : एएनआई / अमर उजाला ग्राफिक्स
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विस्तार
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भारतीय नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी ने कहा है कि तेजी से बदलते वैश्विक परिदृश्य में आतंकवादी कृत्य को 'युद्ध की कार्रवाई' मानने का भारत का फैसला बहुत बड़ा बदलाव है। उन्होंने कहा कि नौसेना की भूमिका पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गई है। उन्होंने कहा कि आतंकी कृत्य को 'युद्ध जैसी कार्रवाई' मानना सैन्य परिचालन के नजरिए से बेहद अहम है। इससे सैन्य परिचालन में नया आयाम जुड़ा है।
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नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी के बयान का अंश - फोटो : एएनआई / अमर उजाला ग्राफिक्स
दुनियाभर में चल रहे संघर्ष, भारत का भी दृष्टिकोण बदला
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे हम जटिल, तेजी से बदलते सुरक्षा परिवेश से परिचित हो रहे हैं, नौसेना के कार्यों की आवृत्ति और जटिलता काफी बढ़ गई है। एडमिरल दिनेश त्रिपाठी के मुताबिक लगातार बदलते भू-राजनीतिक, भू-रणनीतिक परिदृश्य और दुनियाभर में चल रहे संघर्षों ने हमारे दृष्टिकोण को प्रभावित किया है।

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नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी के बयान का अंश - फोटो : एएनआई / अमर उजाला ग्राफिक्स
पाकिस्तान के खिलाफ भारतीय नौसेना की तीव्र और नपी-तुली प्रतिक्रिया
नौसेना प्रमुख ने पाकिस्तानी आतंकी ठिकानों पर भारतीय सेना के ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र करते हुए कहा, इस सैन्य कार्रवाई के दौरान, नौसेना के जहाज, पनडुब्बियां, विमान परिचालन के लिए तैयार और तैनात थे, जो ताकत, तत्परता को दिखाते हैं। उन्होंने कहा कि तीव्र और नपी-तुली प्रतिक्रिया ने हमारी रणनीतिक पहुंच और समुद्री प्रभुत्व को प्रदर्शित किया।

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नौसेना प्रमुख एडमिरल दिनेश त्रिपाठी - फोटो : पीटीआई
आतंकी घटना को युद्धक कार्रवाई मानना भारत का बड़ा फैसला
एडमिरल त्रिपाठी ने ऑपरेशन सिंदूर के अलावा देश की सरहदों की निगहबानी में नौसेना की बढ़ती भूमिका को भी रेखांकित किया। एडमिरल त्रिपाठी नवनिर्मित नौसेना भवन में नौसेना अलंकरण समारोह-2025 को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने 22 अप्रैल को पहलगाम हमले के बाद अब किसी भी आतंकी घटना को युद्धक कार्रवाई मानने के भारत के फैसले का भी जिक्र किया। अलंकरण समारोह-2025 में पुरस्कार विजेताओं को बधाई देते हुए नौसेना प्रमुख ने कहा, यह अवसर बल की 'गोलियों के बीच साहस' और 'स्वयं से पहले सेवा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता' की स्थायी भावना का शक्तिशाली प्रतीक है।

ऑपरेशन संकल्प में सक्रिय भूमिका निभाने वाले सैनिकों का सम्मान
नौसेना प्रमुख ने ऑपरेशन संकल्प के दौरान नौसेना के पश्चिमी बेड़े के संचालन अधिकारी के रूप में असाधारण स्तर के पेशेवर आचरण के लिए कमोडोर कार्तिक श्रीमल को प्रतिष्ठित युद्ध सेवा पदक से सम्मानित किया। भारतीय नौसेना ने दिसंबर, 2023 में ऑपरेशन संकल्प शुरू किया, जिसके तहत उसने लाल सागर, अदन की खाड़ी, उत्तरी अरब सागर और सोमालिया के पूर्वी तट के पास समुद्री डकैती रोधी, ड्रोन रोधी और मिसाइल रोधी अभियान चलाए। समारोह के दौरान नौसेना प्रमुख ने नेतृत्व, पेशेवर उपलब्धि और उच्च स्तर की विशिष्ट सेवा के लिए कई नौसेना कर्मियों को नौसेना पदक (वीरता), नौसेना पदक (कर्तव्य के प्रति समर्पण) और विशिष्ट सेवा पदक प्रदान किए, जिन्होंने प्रदान की है।
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ऑपरेशन सिंदूर के बाद कैबिनेट की बैठक में पीएम मोदी व अन्य - फोटो : यूट्यूब वीडियो ग्रैब- पीएम मोदी
क्या है भारत सरकार का फैसला?
बता दें कि बीते 10 मई को पाकिस्तान के साथ तनाव के बीच भारत सरकार ने बड़ा फैसला लिया था। केंद्र सरकार ने कहा है कि भविष्य में कोई भी आतंकी वारदात होने पर उसे देश के खिलाफ 'युद्ध की कार्रवाई' माना जाएगा। बता दें कि इस निर्णय से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) अनिल चौहान और थल सेना, नौसेना और वायुसेना प्रमुखों के साथ अहम बैठक की। खास बात ये कि बैठक में तीनों सेना प्रमुख और खुद सीडीएस भी युद्धवर्दी में दिखे।

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