भारत और चीन के बीच जारी सीमा विवाद के बीच दोनों देशों की सेनाएं पूर्वी लद्दाख के चुशुल सेक्टर में ब्रिगेडियर स्तर की वार्ता कर रही हैं। इस बैठक का आयोजन खुले क्षेत्र में हो रहा है। भारतीय सेना के सूत्रों ने इसकी जानकारी दी है। बताया गया है कि ये बैठक आम तौर एक सैन्य हट (झोपड़ी) में होने वाली सीमा कर्मियों की बैठक (बीपीएम) से उलट है।
गौरतलब है कि तनाव घटाने के लिए दोनों पक्षों के सेना कमांडरों की बुधवार को हुई एक और दौर की वार्ता असफल रही। यह बातचीत करीब सात घंटे चली। सूत्रों ने यह भी बताया कि सोमवार और मंगलवार को छह घंटे से अधिक समय तक इसी तरह की वार्ता हुई, लेकिन कोई ‘ठोस नतीजा’ नहीं निकल सका।
उन्होंने बताया कि भारत ने पूर्वी लद्दाख में कई पर्वत चोटियों और स्थानों पर उपस्थिति बढ़ा कर पिछले कुछ दिनों में रणनीतिक बढ़त हासिल की है। क्षेत्र में यथास्थिति में बदलाव करने की चीन की नाकाम कोशिशों के मद्देनजर सैनिकों की तैनाती बढ़ाई गई है।
भारतीय सेना ने सोमवार को कहा कि चीनी सेना ने 29/30 अगस्त रात को पेगोंग झील के दक्षिणी तट पर एकतरफा तरीके से यथास्थिति बदलने की उकसाने वाली सैन्य गतिविधियां की लेकिन भारतीय सैनिकों ने उसके प्रयास को विफल कर दिया।