इंडियन एयर फोर्स में सीनियर अधिकारी पर हमला करने का मामला सामने आया है। मामले को संज्ञान में लेते हुए इंडियन एयर फोर्स की अदालती मार्शल (जीसीएम) ने हमले के आरोपी पायलट को सेवा से बर्खास्त कर दिया और 2 साल जेल की सजा सुनाई है।
मामले में एयर फोर्स पायलट ने खाना खाने से इनकार करने तथा सीनियर पर हमला करने सहित कई आरोपों पर दोषी ठहराए जाने के बाद उसके खिलाफ एक्शन लिया गया। सेना पायलट लेफ्टिनेंट को दिल्ली की एक सैन्य अदालत ने सजा दी है। हालांकि दोषी ने सजा को चुनौती देते हुए जमानत याचिका की अपील दायर की है।
मामले में वायुसेना अधिकारी ने कहा कि जीसीएम में अधिकारी के खिलाफ करीब 20 आरोप लगाए गए थे जहां उसे कुछ आरोपों पर दोषी पाया गया था। उन्हें सात साल सश्रम कारावास दिया गया था, लेकिन बाद में इसे घटाकर दो साल तक दिया गया है।
दोषी वायुसेना अधिकारी की पत्नी भी दिल्ली में सैन्य कर्मी के रूप में सेवारत हैं। जीसीएम के सामने अपनी याचिका में अधिकारी ने दावा किया कि उन्हें जमानत जाएं और सजा को समाप्त किया जाये, क्योंकि वह जांच के दौरान नौ महीने से अधिक समय तक हिरासत में रहा है। मामले में जस्टिस वीके शाली की अध्यक्षता वाली बेंच ने कहा कि हम आवेदक की सजा को निलंबित कर देते हैं और उन्हें 25,000 रुपये की निजी बांड पेश करने पर जमानत दे दी है।