भारतीय वायु सेना ने देश की पहली तीन महिला लड़ाकू विमान पायलटों को अगले चार साल तक मां नहीं बनने की सलाह दी है। हालांकि वायु सेना ने स्पष्ट किया है कि यह सलाह कानूनी रूप से बाध्य नहीं है। यह केवल इसलिए है ताकि महिला पायलटों के प्रशिक्षण पर विपरीत असर न पड़े।
भावना कंठ, मोहाना सिंह और अवनि चतुर्वेदी प्राथमिक प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा करने के बाद इस साल 18 जून को फाइटर स्ट्रीम में तैनात हो जाएंगी। इसके बाद उन्हें एक साल की एडवांस ट्रेनिंग दी जाएगी। महिला पायलटों को जून 2017 तक लड़ाकू विमान के कॉकपिट में जाने का मौका मिलेगा।
ऐसे में वायु सेना ने इन महिला पायलटों से कहा है कि वे अगले चार सालों तक मां बनने के बारे में न सोचें।