भारत निर्वासित बलोच नेता ब्रह्मदाग बुगती के जरिए कूटनीतिक तौर पर पाकिस्तान को एक बार फिर पटखनी दे सकता है। पाकिस्तान के चंगुल से बलूचिस्तान की आजादी के लिए लड़ रहे ब्रह्मदाग बुगती को भारत राजनीतिक शरण दे सकता है। हिंदुस्तान टाइम्स की खबर के मुताबिक गृह मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम छापने की शर्त पर बताया कि खुफिया एजेंसी रॉ (रिसर्च एंड एनालिसिस विंग) से गृहमंत्रालय ने यह जानकारी मांगी है कि कितने और बलोच नेता बुगती के साथ निर्वासित चल रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह जानकारी मिलते ही बलोच नेताओं के भारत में रहने की व्यवस्था की जाएगी।
वरिष्ठ अधिकारी ने यह भी बताया कि सरकार बलोच नेताओं को शरण देने के लिए उचित स्थान के बारे में भी विचार कर रही है। उन्हें ऐसी जगह ठहराया जाएगा, जहां का वातावरण उनके अनुकूल हो और वे लोग वहां घर जैसा महसूस कर सकें।
पिछले महीने जेनेवा में भारतीय राजनयिकों के साथ बुगती ने राजनीतिक शरण की बात की थी। विदेश मंत्रालय ने बुगती की अर्जी गृहमंत्रालय को भेज दी थी।