भारत यूरोप को दर्द निवारक दवा पैरासिटामॉल के लिए 1,000 टन सक्रिय दवा घटक (एपीआई) की आपूर्ति करेगा। शीर्ष निर्यात निकाय ने कहा, कोविड-19 लक्षणों से निपटने के लिए इस्तेमाल की जाने वाली ओवर-द-काउंटर दवाओं पर निर्यात नियंत्रण को आसान बनाता है।
वैश्विक स्तर पर कोरोना वायरस के बढ़ते मामले और दवा आपूर्ति की शृंखला में बाधाओं के बाद भारत सरकार ने मार्च में पैरासिटामॉल समेत कई दवाओं के निर्यात पर प्रतिबंधित लगा दिया था ताकि भारतीयों को यह दवा आसानी से मिल सके।
फार्मास्युटिकल्स एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल ऑफ इंडिया के अध्यक्ष दिनेश दुआ ने कहा कि यूरोप ने हर महीने 800 टन पैरासिटामॉल एपीआई की मांग की है। यूरोपीय संघ की मांग को पूरा करने के लिए पिछले दस दिनों से हम पर काफी दबाव है।
दुआ ने बताया कि भारतीय अधिकारियों ने दवा निर्माताओं को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि घरेलू आवश्यकताओं के चार महीने तक का देश में पर्याप्त स्टॉक हो। यूरोप पैरासिटामॉल एपीआई का सबसे बड़ा खरीदार है और सालाना लगभग 12,000 टन एपीआई आयात करता है।