अमेरिका में भी भारत का 75वाां गणतंत्र दिवस मनाया गया। इस दिन वाशिंगटन डीसी शहर में भारतीय दूतावास में राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया। इस अवसर पर दूतावास के अधिकारियों के साथ बड़ी संख्या में भारतीय-अमेरिकी समुदाय के नेताओं ने भाग लिया।
वहीं, देश के शीर्ष राजनयिक तरणजीत सिंह संधू ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और समुदाय के नेताओं और दूतावास के अधिकारियों का संबोधन किया। उन्होंने कहा कि भारत आज शांति, स्थिरता, नवाचार और समृद्धि के प्रतीक के रूप में खड़ा है।
संधू ने आगे कहा, 'भारत ने दुनिया को साबित कर दिया है कि विज्ञान और आध्यात्मिकता एक साथ आ सकते हैं। प्राचीन और आधुनिक एक साथ आ सकते हैं। एकता और विविधता या भौतिक और डिजिटल एक साथ जुड़ सकते हैं। द्विपक्षीय मित्रता और बहु-पार्श्व संबंध एक साथ जुड़ सकते हैं। हम अद्वितीय हैं, भारती-यात्रा सुनिश्चित करती है तालमेल और अभिसरण।'
हमें अपनी उपलब्धियों पर होता है गर्व
तरणजीत सिंह ने बताया, 'जब हम एक राष्ट्र के रूप में पिछले 75 वर्षों की अपनी यात्रा को देखते हैं, तो हमें अपनी उपलब्धियों पर गर्व होता है। हम अपनी आगे की यात्रा में और अधिक प्रगति करने के लिए समान रूप से प्रेरित हैं। हमने अपने पुरखों के सपने को जीया है, हमारे बच्चों से हमें अधिक आत्मविश्वास मिलता है और बड़े लक्ष्य की आशा करते हैं'। उन्होंने कहा, पिछले साल कई ऐतिहासिक मील के पत्थर थे।
संधू ने कहा, 'हमारी जी20 की अध्यक्षता, जहां हमने विविध राय को एक साथ लाया और आम सहमति बनाई। वैश्विक दक्षिण के लिए एक आवाज बनने की हमारी प्रतिबद्धता, शिखर सम्मेलन के साथ-साथ जी20 में अफ्रीका को शामिल करने में भी प्रतिबिंबित हुई। भारत चंद्रमा तक पहुंच रहा है- हमारी चंद्रयान और वैश्विक जैव ईंधन गठबंधन का शुभारंभ, हरित विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाता है।'
द्विपक्षीय स्तर पर - पिछले साल जून में प्रधान मंत्री मोदी की अमेरिका की ऐतिहासिक राजकीय यात्रा - औपचारिक और ठोस पहलू स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहे थे। सितंबर में राष्ट्रपति जो बाइडन की भारत यात्रा, iCET का लॉन्च, हमारी तकनीकी साझेदारी को अगले स्तर पर ले जा रहा है।