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राजनाथ सिंह और गुइडो क्रोसेटो की मुलाकात: पश्चिम एशिया के हालात पर चर्चा, रक्षा औद्योगिक सहयोग पर बड़ा फैसला

Thu, 30 Apr 2026 04:09 PM IST
राकेश कुमार एएनआई, नई दिल्ली

सार

भारत और इटली ने रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की नई इबारत लिखते हुए सैन्य सहयोग योजना 2026-27 पर मुहर लगा दी है। पश्चिम एशिया के तनावपूर्ण माहौल के बीच दोनों देशों की यह एकजुटता वैश्विक सुरक्षा समीकरणों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। 
 
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राजनाथ सिंह अपने इतालवी समकक्ष गुइडो क्रोसेटो के साथ - फोटो : @rajnathsingh
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विस्तार
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भारत और इटली के बीच सामरिक रिश्ते अब एक नई ऊंचाई पर पहुंच गए हैं। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने गुरुवार को नई दिल्ली में अपने इतालवी समकक्ष गुइडो क्रोसेटो के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक में दोनों देशों के बीच रक्षा सहयोग को और अधिक मजबूत करने पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने पश्चिम एशिया की मौजूदा सुरक्षा स्थिति पर भी अपने विचार साझा किए।
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राजनाथ सिंह ने खुद दी बैठक की जानकारी
बैठक के बाद राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा, 'दिल्ली में आज अपने इतालवी समकक्ष गुइडो क्रोसेटो के साथ व्यापक बातचीत करके बहुत खुशी हुई। हमने पश्चिम एशिया की वर्तमान स्थिति सहित क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों की एक विस्तृत श्रृंखला पर चर्चा की। हमने आत्मनिर्भर भारत कार्यक्रम और इटली की रक्षा सहयोग पहल के तहत पारस्परिक रूप से लाभकारी रक्षा औद्योगिक सहयोग को और विकसित करने के तरीकों पर भी चर्चा की। दोनों देशों के सशस्त्र बलों के बीच एक द्विपक्षीय सैन्य सहयोग योजना 2026-27 का भी आदान-प्रदान किया गया।'

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पहली बार भारत यात्रा पर आए हैं इटली के रक्षा मंत्री गुइडो क्रोसेटो
इटली के रक्षा मंत्री गुइडो क्रोसेटो की यह पहली भारत यात्रा है। इससे पहले इतालवी रक्षा मंत्री ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर माल्यार्पण कर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। उन्हें रायसीना हिल्स पर गार्ड ऑफ ऑनर भी दिया गया। भारत और इटली के बीच रक्षा संबंध पिछले कुछ वर्षों में तेजी से बढ़े हैं। जनवरी 2026 में भारत-यूरोपीय संघ रक्षा और सामरिक साझेदारी पर हस्ताक्षर किए गए थे। इस समझौते ने दोनों पक्षों के बीच रक्षा औद्योगिक सहयोग को और गति दी है। यह साझेदारी समुद्री सुरक्षा, साइबर खतरों, अंतरिक्ष और आतंकवाद विरोधी अभियानों जैसे क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करती है।
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भारत और इटली के बीच रक्षा संबंधों का दायरा अब काफी बड़ा हो चुका है। इसमें केवल हथियारों की खरीद-बिक्री ही नहीं, बल्कि सूचनाओं का आदान-प्रदान और प्रशिक्षण भी शामिल है। दोनों देशों की नौसेनाएं नियमित रूप से युद्धाभ्यास और पोर्ट कॉल कर रही हैं। 

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