भारत ने सितंबर में नई दिल्ली में होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र के लिए बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान को आमंत्रित किया है। यह निमंत्रण उन्हें बिम्सटेक (बे ऑफ बंगाल इनिशिएटिव फॉर मल्टी-सेक्टोरल टेक्निकल एंड इकोनॉमिक कोऑपरेशन) के मौजूदा अध्यक्ष के रूप में भेजा गया है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह ब्रिक्स की सामान्य आउटरीच परंपरा के तहत दिया गया निमंत्रण है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने नियमित प्रेस ब्रीफिंग में बताया कि फरवरी 2026 में प्रधानमंत्री बनने के बाद ही तारिक रहमान को भारत यात्रा का औपचारिक निमंत्रण भेजा गया था। इसके अलावा, भारत ने बिम्सटेक के वर्तमान अध्यक्ष के रूप में उन्हें नई दिल्ली में होने वाले 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के आउटरीच सत्र में शामिल होने का अलग से आमंत्रण भी दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि अन्य क्षेत्रीय संगठनों के प्रमुखों को भी इसी प्रक्रिया के तहत बुलाया गया है।
बिम्सटेक की भूमिका क्या है?
बिम्सटेक दक्षिण एशिया और दक्षिण-पूर्व एशिया को जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण क्षेत्रीय संगठन है। इसके सात सदस्य देशों में बांग्लादेश, भूटान, भारत, नेपाल, श्रीलंका, म्यांमार और थाईलैंड शामिल हैं। इस संगठन के दायरे में लगभग 1.7 अरब लोग रहते हैं, जो दुनिया की करीब 22 प्रतिशत आबादी का प्रतिनिधित्व करते हैं। इस क्षेत्र की संयुक्त अर्थव्यवस्था लगभग पांच ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर की मानी जाती है।
भारत-बांग्लादेश रिश्तों पर क्या संकेत मिले?
हाल ही में बांग्लादेश में भारत के उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी ने भी उम्मीद जताई थी कि प्रधानमंत्री तारिक रहमान की भारत यात्रा से दोनों देशों के रिश्तों को नई मजबूती मिलेगी। उन्होंने ढाका में बांग्लादेश के विदेश मंत्री और विदेश राज्य मंत्री के साथ मुलाकात के बाद कहा कि बातचीत सकारात्मक माहौल में हुई और दोनों देशों के बीच मौजूद मुद्दों का समाधान बातचीत के जरिए निकाला जा सकता है। हालांकि भारत यात्रा का अंतिम फैसला बांग्लादेश के प्रधानमंत्री को करना है।
गंगा जल संधि पर विदेश मंत्रालय ने क्या कहा?
प्रेस ब्रीफिंग के दौरान गंगा जल संधि को लेकर पूछे गए सवाल पर रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत और बांग्लादेश के बीच 54 साझा नदियां हैं और जल संबंधी मुद्दों पर चर्चा के लिए संयुक्त नदी आयोग समेत कई द्विपक्षीय तंत्र पहले से मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि गंगा जल संधि से जुड़े सभी विषयों पर भी इन्हीं स्थापित तंत्रों के माध्यम से बातचीत की जाएगी।
आगे क्या रहेगा अहम?
नई दिल्ली में होने वाला ब्रिक्स शिखर सम्मेलन भारत के लिए महत्वपूर्ण कूटनीतिक अवसर माना जा रहा है। बिम्सटेक अध्यक्ष के रूप में तारिक रहमान को दिया गया निमंत्रण क्षेत्रीय सहयोग को मजबूत करने की दिशा में एक कदम माना जा रहा है। अब नजर इस बात पर रहेगी कि बांग्लादेश के प्रधानमंत्री इस निमंत्रण को स्वीकार करते हैं या नहीं और उनकी संभावित भारत यात्रा दोनों देशों के संबंधों को किस दिशा में आगे बढ़ाती है।