भारत अपनी परमाणु क्षमता वाली बैलेस्टिक मिसाइल अग्नि -5 के परीक्षण के लिए तैयार है। अंग्रेजी अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, इस इंटरकॉन्टिनेंटल मिसाइल का काम आखिरी चरण में है और इसका परीक्षण ओडिशा के व्हीलर द्वीप पर किया जाएगा।
रक्षा सूत्रों का कहना है कि मिसाइल परीक्षण की तैयारी जोरो पर हैं और इसे दिसंबर के आखिरी हफ्ते या जनवरी के पहले हफ्ते में किया जा सकता है। सूत्रों का कहना है, 'आखिरी बार इसे जनवरी 2015 में टेस्ट किया गया था, कुछ तकनीकी चीजों को दुरस्त कर लिया गया और अब करीब दो साल बाद इसे दोबारा टेस्ट किया जाएगा।'
यह अग्नि-5 का चौथा टेस्ट होगा, यह चीन के उत्तरी हिस्सों तक मार करन में सक्षम है। सूत्रों का कहना है, 'तीन चरणों वाली अग्नि-5 का यह फाइनल टेस्ट होगा। स्ट्रेटजिक फोर्स कमांड (एसएफसी) के ट्रायल शुरू करने से पहले ही अग्नि की पूरी क्षमताओं का परीक्षण किया जाएगा। ' दरअसल, एसएफसी 2003 में स्थापित किया गया था। यह भारत के परमाणु आर्सेनल का प्रबंधन करता है। एसएफसी अग्नि-5 के जरूरी संख्या में उत्पादन से पहले कम से कम दो टेस्ट करेगा।