विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि यदि मसूद अजहर द्वारा बाहवलपुर में सार्वजनिक सभा को संबोधित करने की खबर सही है तो पाकिस्तान का 'दोगलापन' सामने आ गया है, क्योंकि पाकिस्तान हमेशा कहता रहा है कि अजहर उसके देश में नहीं है।
भारत ने शुक्रवार को पाकिस्तान से जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के प्रमुख मसूद अजहर के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग की। भारत का यह बयान उस रिपोर्ट के बाद आया है, जिसमें कहा गया था कि अजहर ने हाल ही में पाकिस्तान के बहावलपुर में एक सार्वजनिक सभा में भाषण दिया था।
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विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि यदि खबर सही है तो पाकिस्तान का 'दोगलापन' सामने आ गया है, क्योंकि पाकिस्तान हमेशा कहता रहा है कि अजहर उसके देश में नहीं है। जायसवाल ने यह भी कहा कि अजहर 2019 के पुलवामा आतंकी हमले का मास्टरमाइंड था और उसे संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद द्वारा वैश्विक आतंकवादी घोषित किया गया था।
अजहर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई कर न्याय के कटघरे में लाया जाए
विदेश मंत्रालय (एमईए) के प्रवक्ता रणधीर ने अपनी साप्ताहिक प्रेस वार्ता में कहा कि अजहर संयुक्त राष्ट्र द्वारा नामित आतंकवादी है। हम मांग करते हैं कि उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और उसे न्याय के कटघरे में लाया जाए। पिछले महीने बहावलपुर में अजहर के एक जनसभा को संबोधित करने से जुड़ी खबरों के बारे में पूछे जाने पर जायसवाल ने यह टिप्पणी की।
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अजहर के पाकिस्तान में न होने के दावे पर भी उठाया सवाल
जायसवाल ने पाकिस्तान के इस दावे पर भी सवाल उठाया कि अजहर पाकिस्तान में नहीं है। उन्होंने कहा, 'अजहर के पाकिस्तान में होने की बात से इनकार किया जा रहा था। अगर खबर (उसके ठिकाने की) सही है तो इससे पाकिस्तान का दोहरा रवैया उजागर होता है।'
जायसवाल ने कहा कि मसूद अजहर भारत के खिलाफ सीमा पार से आतंकवादी हमलों में शामिल है और हम चाहते हैं कि उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
वर्ष 2022 में पाकिस्तान के तत्कालीन विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो ने कथित तौर पर कहा था कि अजहर अफगानिस्तान भाग गया है।
1999 में भारत ने रिहा किया था अजहर
भारत ने 1999 में अपहृत इंडियन एयरलाइंस की उड़ान 814 (आईसी814) के बंधकों को रिहा करने के बदले अजहर को रिहा किया था। अजहर को 2001 में संसद पर हुए आतंकी हमले और 2016 के पठानकोट हमले का मास्टरमाइंड भी माना जाता है। पिछले कुछ वर्षों से भारत पाकिस्तान से जैश-ए-मोहम्मद प्रमुख के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के लिए कहता रहा है।