भारत ने घरेलू विनिर्माताओं की शिकायत पर चीन से विटामिन सी की डंपिंग की जांच शुरू की है। इसका इस्तेमाल दवा कंपनियों द्वारा दवाओं के उत्पादन में किया जाता है। बजाज हेल्थकेयर लिमिटेड ने वाणिज्य मंत्रालय की जांच इकाई व्यापार उपचार महानिदेशालय (डीजीटीआर) के समक्ष इस बारे में आवेदन किया है।
कंपनी ने आरोप लगाया है कि चीन से विटामिन सी की डंपिंग से घरेलू उद्योग प्रभावित हो रहा है। कंपनी ने सरकार से विटामिन सी के आयात पर डंपिंग रोधी शुल्क लगाने का आग्रह किया है। डीजीटीआर ने कहा कि आवेदक ने प्रथम दृष्टया जो प्रमाण दिए हैं, उनके आधार पर जांच शुरू की गई है।
निदेशालय चीन से इस उत्पाद की कथित डंपिंग के प्रभाव का पता लगाएगा। यदि डीजीटीआर को लगता है कि डंपिंग से घरेलू विनिर्माता प्रभावित हो रहे हैं तो वह डंपिंग रोधी शुल्क लगाने की सिफारिश करेगा। यदि यह शुल्क लगाया जाता है, तो यह घरेलू उद्योग को हो रहे नुकसान की भरपाई करने के लिए पर्याप्त होगा।
यहां बता दें कि डीजीटीआर डंपिंग रोधी शुल्क लगाने की सिफारिश करता है। वित्त मंत्रालय डंपिंग रोधी शुल्क लगाता है।