भारत और चीन अपने द्विपक्षीय संबंधों को और बेहतर बनाने के लिए दिसंबर 2019 में आतंकरोधी संयुक्त सैन्य अभ्यास को आयोजित करेंगे। हालांकि इस अभ्यास का आयोजन कहां होगा इस बारे में कोई आधिकारिक जानकारी नहीं मिल सकी है।
बता दें कि चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग 11 अक्तूबर को दो दिवसीय भारत यात्रा पर आ रहे हैं। उनके साथ चीनी विदेश मंत्री और पोलित ब्यूरो के सदस्य भी भारत आएंगे। दोनों देशों के नेता चेन्नई में द्विपक्षीय वार्ता करेंगे।
सूत्रों के अनुसार, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग और पीएम नरेंद्र मोदी की वार्ता के दौरान आतंकवाद, आतंकी फंडिंग, समर्थन जैसे विषयों पर बातचीत होने की संभावना है।
सूत्रों के अनुसार, अनौपचारिक बैठक होने के कारण चीनी राष्ट्रपति के इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच किसी भी तरह के किसी समझौता या समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर नहीं होंगे और न ही कोई संयुक्त विज्ञप्ति जारी की जाएगी।
जिनपिंग 24 घंटों के चेन्नई और उसके आस-पास बिताएंगे। वह शुक्रवार को डेढ़ बजे चेन्नई पहुंचेंगे और अगले दिन लगभग इसी समय अपने देश वापस चले जाएंगे। दोनों नेता महाबलिपुरम के तीन प्रसिद्ध स्मारकों और एक सांस्कृतिक कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। जिसमें एक घंटे का समय लगेगा। कुल मिलाकर मोदी और जिनपिंग लगभग सात घंटे एकसाथ रहेंगे।