यूपीए चेयरपर्सन सोनिया गांधी ने अधिवेशन को संबोधित कर कहा कि परिरस्थितयों ने उन्हें ऐसी दुनिया में आने को प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि मैं इस दुनिया में आना नहीं चाहती थी। सोनिया ने एक ओर पार्टी की कमान राहुल गांधी को सौंपे जाने और उनके चुनौतीपूर्ण जिम्मेदारियों का हवाला देकर उनके नेतृत्व को स्वीकार करने की बात कही। वहीं दूसरे तरफ उनके निशाने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रहे। सोनिया ने कहा कि कुर्सी के लिए मोदी झूठी नारेबाजी कर रहे हैं। कांग्रेस उन्हें 2019 में सबक सिखाएगी। मोदी सरकार विपक्ष की आवाज को दबा रही है।
सोनिया के कार्यों और उपलब्धियों पर मीरा कुमार ने प्रस्ताव रखा
सोनिया ने अपने कार्यकाल का हवाला देते हुए कहा की 2003 में सामान विचारधारा वाली पार्टियों को साथ लेकर काम शुरू किया तो 2004 में नतीजे भी मिले। मनमोहन सिंह की नेतृत्व में हमारी पांच सालों की मेहनत ने हमें 2009 में फिर बड़ी जीत दिलाई। सोनिया ने कार्यकर्ताओं का आह़्वान किया अब वक्त आ गया है कि कांग्रेस राहुल गांधी के साथ मिलकर आगे बढ़े।