गुजरात की एक स्थानीय अदालत ने शुक्रवार को गोमांस रखने के आरोप में एक व्यक्ति को तीन साल की सजा सुनाई है। यही नहीं, अदालत ने उस पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
गुजरात के गांदेवी मजिस्ट्रेट सीवी व्यास की अदालत ने शुक्रवार को रफीक इलियासभाई खलीफा (35) को तीन साल जेल की सजा सुनाई।
अदालत ने सजा सुनाते हुए टिप्पणी की कि गाय एक समुदाय की धार्मिक भावनाओं से जुड़ी है। ऐसे में गोमांस रखने का अपराध करना, समाज की शांति को भंग करने का काम कर सकता है। अगर दोषी को जेल की सजा दी जाती है, तो यह दूसरों के लिए एक नजीर पेश करेगा, ताकि वे लोग कभी ऐसा अपराध न करें।
सूरत जिले के गांदेवी तालुका के एक गांव के रहने वाले रफीक को पिछले साल अक्टूबर में गिरफ्तार किया गया था। उसे गौ संरक्षण समूह ने 20 किलोग्राम गोमांस के साथ रंगे हाथ पकड़ा था। जांच में इसके गोमांस होने की पुष्टि हुई थी। बता दें कि गुजरात में गोमांस रखना, बेचना-खरीदना और इसका आदान-प्रदान करने पर प्रतिबंध है।