इंफ्रास्ट्रक्चर लीजिंग एंड फाइनैंशियल सर्विसेज (आईएलएंडएफएस) मामले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कई ठिकानों पर छापा मारा है। मुंबई और दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में हुई छापेमारी के दौरान ईडी ने कंपनी के पूर्व चेयरमैन रवि पार्थसारथी के ठिकानों पर भी छापा मारा है। अधिकारियों ने बताया कि ईडी ने धनशोधन कानून के तहत मामला भी दर्ज किया है। आईएलएंडएफएस समूह पर कुल 91,000 करोड़ रुपये का कर्ज है। इस समूह की कई कंपनियों ने बैंकों का कर्ज भी नहीं चुकाया है।
ईडी ने द्वारा धनशोधन कानून के तहत दर्ज मामले में आईएलएंडएफएस के पूर्व डायरेक्टर रवि पार्थसारथी का नाम शामिल किया है। सूत्रों के मुताबिक आईएलएंडएफएस के बीकेसी स्थित कार्यालय और पूर्व अधिकारियों के ठिकानों सहित विभिन्न कार्यालयों में छापेमारी की गई है। आय की गलत जानकारी, संदिग्ध लेनदेन, हितों का टकराव, प्रमुख कर्मचारियों के निजी हितों के सामने आने के बाद इस मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है।
करीब 90 हजार करोड़ के कर्ज में डूबने के बाद आईएलएंडएफएस पिछले साल चर्चा में आई थी। सूत्रों के मुताबिक दिल्ली आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) भी इस मामले में जांच कर रही है, जबकि आपराधिक साजिश और जालसाजी के लिए भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की विभिन्न धाराओं के तहत एक मामला ईओडब्ल्यू द्वारा दर्ज किया गया है।
गौरतलब है कि वित्तीय अनियमितताओं के आरोप में ही आईएलएंडएफएस के कई पूर्व वरिष्ठ अधिकारी ईडी की रडार पर हैं। एजेंसी ने इसी के चलते आज पहले मुंबई और फिर दिल्ली-एनसीआर में कई स्थानों पर छापेमारी की।