फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना संक्रमण: अगर आप होम आइसोलेशन में हैं तो रखें इन बातों का ध्यान, भूलकर भी नहीं करें ये काम

Mon, 19 Apr 2021 03:09 PM IST
Harendra Chaudhary डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सफदरजंग अस्पताल के मेडिसन विभाग के अध्यक्ष डॉ जुगल किशोर ने बताते हैं कि घर में रहने वाले कोरोना संक्रमित मरीज को अपने कमरे की खिड़कियां खुली रखनी चाहिए ताकि हवा और धूप कमरे में आ सके...
विज्ञापन
कोरोना जांच करता स्वास्थ्यकर्मी - फोटो : Amar Ujala (File)
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अगर आप कोरोना संक्रमित हैं, और होम आइसोलेशन में हैं, तो आपको कुछ जरूरी बातों का ध्यान रखना चाहिए। इससे न केवल आप कोरोना संक्रमण से जल्दी उबर सकते हैं बल्कि दैनिक दिनचर्या में भी लौटने में कम वक्त लगेगा। आज करीब 80 फीसदी से ज्यादा लोग होम आइसोलेशन में रहकर ठीक भी हो रहे हैं। इस दौरान मरीजों को कुछ नियमों का पालन करना चाहिए ताकि मरीज की रिकवरी तेज हो और परिवार के अन्य सदस्य संक्रमण से बचाया जा सके। आइए जानते है कि मरीजों को घर पर रहकर क्या करना चाहिए।

विज्ञापन

सफदरजंग अस्पताल के मेडिसन विभाग के अध्यक्ष डॉ जुगल किशोर ने बताते हैं कि घर में रहने वाले कोरोना संक्रमित मरीज को अपने कमरे की खिड़कियां खुली रखनी चाहिए ताकि हवा और धूप कमरे में आ सके। घर में मरीजों को दो से तीन बार बुखार चेक करना चाहिए। ध्यान रहे कि बुखार 100 डिग्री फारेनहाइट से ज्यादा न हो। वहीं ऑक्सीमीटर की मदद से खून में ऑक्सीजन का लेवल भी चेक करते रहें। इसका लेवल 94 फीसदी से कम नहीं होना चाहिए।

घर में भी मरीज मास्क का प्रयोग करें। हर पांच से सात घंटे में उसे बदलें। मरीज अपने खाने के बर्तन, तौलियां, कपड़े और चादर आदि अलग रखें। इसे घर का कोई भी सदस्य उपयोग नहीं करे। वहीं इस दौरान भी अपने हाथों को साबुन से कम से कम 40 सेकंड तक अच्छे से धोएं या सैनिटाइजर से साफ करें।
विज्ञापन

उन्होंने आगे बताया कि कोरोना मरीज होम आइसोलेशन के दौरान डॉक्टर द्वारा बताई गई दवाइयों को नियमित रूप से लेते रहें। अगर आप किसी अन्य बीमारी की दवाएं लेते हैं तो डॉक्टर की सलाह जरूर लें। मरीज इस दौरान शराब न पिएं और धूम्रपान न करें। पूरी नींद लें। शरीर में पानी की कमी न होने दें।

होम आइसोलेशन के दौरान मरीज मोबाइल और अन्य ऑनलाइन माध्यम से अपने परिजनों और करीबियों से बातचीत करते रहें। इस दौरान मरीज जहां तक संभव हो नकारात्मक खबरों से भी दूर रहें।

अगर होम आइसोलेशन के दौरान बुखार तेज हो जाए, सांस लेने में दिक्कत महसूस हो, ऑक्सीजन का लेवल कम होने लगे या मरीज को बेचैनी, घबराहट, सिर में तेज दर्द जैसी समस्याएं हों तो तुरंत उन्हें अस्पताल में भर्ती होने के लिए जाएं। घर पर अपनी इच्छा से कोई इलाज नहीं करें।

गौरतलब है कि देश में एक करोड़ 50 लाख 61 हजार 919 कोरोना संक्रमित हैं। अभी तक एक करोड़ 29 लाख 53 हजार 821 लोग डिस्चार्ज हो गए हैं। वहीं अभी भी 19 लाख 329 एक्टिव केस है। जबकि 1 लाख 78 हजार 769 लोगों की कोरोना से मौत भी हो चुकी है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें