आतंकी मसूद अजहर को लेकर चीन को अपना ताजा रुख अगले हफ्ते तक साफ करना होगा। इस आतंकी के खिलाफ संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में चीन का 'तकनीकी होल्ड' इस हफ्ते खत्म हो रहा है और इस मामले पर चीन के ताजा रुख के बाद ही भारत का अगला कदम तय होगा।
दरअसल, चीन ने इसी साल 31 मार्च को जैश-ए-मोहम्मद सरगना और पठानकोट आतंकी हमले के मास्टरमाइंड मसूद अजहर को आतंकी घोषित किए जाने के रास्ते में अड़ंगा लगा दिया था। सुरक्षा परिषद में चीन की इस चाल से भारत की जैश-ए-मोहम्मद पर बैन लगाने की योजना भी नाकामयाब हो गई थी। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के 15 देशों में समूह में अकेला चीन ही ऐसा था जिसने मसूद को आतंकी घोषित किए जाने के फैसले को 'होल्ड' पर रखा था। अगर मसूद अजहर को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आतंकी घोषित कर दिया जाता है तो उसकी संपत्ति फ्रीज कर दी जाएगा। इतना ही नहीं, उसके यात्रा करने पर भी रोक लगा दी जाएगी।