IAS Officer Daughter Suicide: आंध्र प्रदेश के तडेपल्ली में एक आईएएस अधिकारी की 25 वर्षीय बेटी माधुरी सहीतिबाई ने दहेज उत्पीड़न के आरोपों के महीनों बाद अपने मायके में कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। प्रेम विवाह के कुछ समय बाद ही उसने अपने पति राजेश नायडू पर दहेज के लिए प्रताड़ित करने का आरोप लगाया था।
आंध्र प्रदेश के तडेपल्ली क्षेत्र से एक गंभीर और दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां एक IAS अधिकारी की 25 वर्षीय बेटी ने दहेज उत्पीड़न के आरोपों के महीनों बाद अपने मायके में कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। गुव्वा जिले के इस मामले ने स्थानीय प्रशासन और समाज दोनों को झकझोर दिया है। परिवार ने बताया कि युवती कई दिनों से मानसिक तनाव में थी और रविवार को अचानक उसने अपनी जान दे दी।
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पुलिस के अनुसार, मृतका माधुरी सहीतिबाई ने पहले ही अपने पति और ससुराल पक्ष पर दहेज उत्पीड़न के आरोप लगाए थे। रविवार को जब वह लंबे समय तक बाथरूम से बाहर नहीं आई तो उसके माता-पिता को शक हुआ। दरवाजा तोड़कर अंदर जाने पर वे उसे फंदे से लटकता हुआ पाए। पुलिस ने बताया कि यह घटना दो दिसंबर को सामने आई और प्रारंभिक जांच में आत्महत्या की पुष्टि हुई। मंगलागिरी डीएसपी मुरली कृष्णा ने कहा कि मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
प्रेम विवाह और बढ़ता तनाव
पुलिस के मुताबिक, माधुरी ने नांदयाल जिले के बुग्गनपल्ले गांव के रहने वाले राजेश नायडू से प्रेम विवाह किया था। दोनों लंबे समय से एक-दूसरे को जानते थे। इसी दौरान पढ़ाई में बैकलॉग आने के कारण माधुरी ने अपना बीटेक कोर्स बीच में ही छोड़ दिया था। राजेश और माधुरी ने पांच मार्च को शादी की और सात मार्च को दोनों परिवारों को इसकी जानकारी दी। बाद में इस शादी को विधिवत पंजीकृत भी कराया गया। हालांकि, कुछ महीनों बाद ही रिश्ते में तनाव शुरू हो गया।
दहेज उत्पीड़न की शिकायत
कुछ समय पहले माधुरी ने अपने परिवार को फोन कर आरोप लगाया कि उसे दहेज के लिए प्रताड़ित किया जा रहा है। उसके बाद सितंबर के पहले सप्ताह में माता-पिता उसे लेकर अपने घर तडेपल्ली आ गए। उन्होंने बताया कि उनकी बेटी अपने पति के घर वापस जाने को लेकर बेहद हिचकिचा रही थी। वह लगातार तनाव में रहती थी और परिवार के साथ ही रहना चाहती थी। पुलिस के अनुसार, शिकायत पर परिवार ने किसी तरह उसका मनोबल बढ़ाने की कोशिश की, लेकिन वह लगातार भावनात्मक दबाव महसूस करती रही।
पुलिस मामला दर्ज, जांच जारी
पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए BNS (भारतीय न्याय संहिता) की धारा 80 के तहत केस दर्ज कर लिया है, जो दहेज मृत्यु से जुड़े मामलों में लागू होती है। अधिकारियों ने बताया कि सभी परिस्थितियों की गहन जांच की जा रही है, जिसमें फोन रिकॉर्ड, पारिवारिक बयान और मेडिकल रिपोर्ट शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि जांच के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि उत्पीड़न का स्वरूप कितना गंभीर था और इसमें किन-किन लोगों की भूमिका हो सकती है। परिजन अपनी बेटी की मौत से पूरी तरह टूट चुके हैं।