देश में टीकाकरण के तीसरे चरण की शुरुआत
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देश में एक मई से टीकाकरण अभियान का तीसरा चरण शुरू हो गया है और इसके तहत अब 18 साल से ज्यादा उम्र के लोगों को भी वैक्सीन लगाई जाएगी। हालांकि वैक्सीन की कमी होने की वजह से कई राज्यों में तीसरा चरण सुचारू ढंग से नहीं चल रहा है तो कहीं 18-44 साल के लोगों ने भीड़ जुटा रखी है। टीके के लिए भीड़ लगाने, लोगों का कोरोना प्रोटोकॉल का पालन ना करने और सोशल डिस्टेंसिंग ना बनाए रखने से संक्रमण का खतरा भी बन सकता है। ऐसे में वैक्सीनेशन केंद्रों पर खुद को संक्रमित होने से बचाने के लिए इन नियमों का पालन कर सकते हैं...
सीताराम भारतीय अस्पताल के ईएनटी स्पेशलिस्ट डॉक्टर राजेश भारद्वाज कहते हैं कि मैं सामान्य तौर पर एन95 मास्क पहनने के लिए नहीं कहता, क्योंकि वो फ्रंटलाइन कार्यकर्ताओं के लिए पहले उपलब्ध होने चाहिए। वो कहते हैं कि एन95 मास्क की जगह तीन परतों वाला सर्जिकल मास्क या फिर कपड़े के साथ मिलाकर डबल मास्क पहनना उचित रहेगा। डॉक्टर भारद्वाज कहते हैं कि मास्क पहनने के बाद आंख, नाक और मुंह को छूने से बचें।
- सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखें
वैक्सीनेशन केंद्रों पर अपनी बारी का इंतजार करने के दौरान उचित दूरी बनाकर रखें। लाइन तोड़ने और धक्का-मुक्की से बचें। यही नहीं दूसरे लोगों से गैर जरूरी बातें करने से बचें। बात करने से संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है और आप भी संक्रमित हो सकते हो
- निजी केंद्रों पर लगवा सकते हैं वैक्सीन
अगर आपको पहले से कोई एलर्जी की बीमारी है तो छोटे केंद्रो (जहां भीड़ कम हो), निजी क्लीनिक या निजी अस्पताल में जाकर वैक्सीन लगवाएं।
- अपनी बारी का इंतजार बाहर रह कर करें
डॉक्टर भारद्वाज कहते हैं कि वैक्सीनेशन केंद्र पर अगर आपके नंबर में आने में देरी है तो अंदर की बजाय बाहर इंतजार करें। ऐसा इसलिए, क्योंकि अगर अंदर कोई कोरोना संक्रमित व्यक्ति होगा तो वो तेजी से संक्रमण फैला सकता है।
- किसी भी हालत में मास्क ना उतारें
अगर वैक्सीनेशन सेंटर पर आपको फोटो खिंचवाने के लिए कोई कहता है तो कृपया करके मास्क ना उतारें। इसके बजाय इपने साथ फोटो आईडी लेकर जाएं। वहीं सेल्फी जैसी चीजों से बचें।
दस्ताने पहनने की बजाय हाथों को लगातार धोना और सैनिटाइजर का इस्तेमाल करना सबसे अहम है। डॉक्टर भारद्वाज का कहना है कि ज्यादातर लोग उन्हीं दस्तानों को दोबारा पहन लेते हैं, लेकिन ऐसा नहीं करना चाहिए। ये गलत है। इससे बेहतर है कि घर आते ही अपने हाथ-पैर साबुन और पानी से धोएं।