हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल ने सनातन धर्म के विरोधियों को करारा जवाब दिया है। उन्होंने कहा, कुछ लोगों को लगता है कि सनातन पर बोलकर उन्हें कुछ वोट हासिल हो जाएगा। लेकिन आपको विचार करना है कि सनातन धर्म की रक्षा कैसे हो। उन्होंने कहा कि मैं किसी पार्टी में नहीं हूं। संविधान की सेवा कर रहा हूं लेकिन सनातन के संदर्भ में मुझे यह बोलने से कोई नहीं रोक सकता। मुझे गर्व है कि मैं सनातनी हिंदू हूं।
बृहस्पतिवार को मुंबई आए हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ल का दक्षिण मुंबई के नरीमन प्वाइंट स्थित यशवंतराव चव्हाण सभागार में हिंदीभाषी समाज को संबोधित किया। इस दौरान उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल और बिहार के हिंदीभाषी बड़ी संख्या में मौजूद थे। उन्होंने हिंदी दिवस की शुभकामनाए देते हुए कहा, यह मेरा सौभाग्य है कि मैं अपने घर के लोगों से मिल रहा हूं। शुक्ल ने कहा कि पद और प्रतिष्ठा बचाकर रखनी पड़ती है। यह कब रहे और कब चला जाए लेकिन व्यवहार बना रहेगा तो सब उत्तम रहेगा। महामहिम राज्यपाल ने ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक के संस्कारों की बात करते हुए कहा कि इस देश की संस्कृति ने सबके सुख की कल्पना की है। कुछ लोग पद पाकर संकोच करते हैं लेकिन ऋषि सुनक कहते हैं कि मुझे गर्व है कि मै सनातनी हिंदू हूं। लोग कहते हैं कि कुछ बात है जो मिटती नहीं हस्ती हमारी। वह बात सनातन है। भारत की रज-रज में आध्यात्मिक संस्कृति प्रवाहित होती रहती है। इसलिए हमें अपनी संस्कृति और संस्कार को नही भूलना चाहिए।
..तो नही होता भारत दैट इज इंडिया
राज्यपाल ने कहा कि इस समय इंडिया और भारत की बात हो रही है। पहला गवर्नर जनरल अगर विदेशी नही हुआ होता तो भारत दैट इज इंडिया नही होता। उन्होंने कहा कि भारत विश्व की 5वी अर्थव्यवस्था बन गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लालकिले की प्राचीर से कहा है कि आने वाले दिनों में भारत विश्व की तीसरी अर्थव्यवस्था बनेगा। देश अमृत काल से गुजर रहा है। प्रधानमंत्री मोदी विदेश जाते हैं तो कोई उन्हें बॉस कहता है तो कोई उनका ऑटोग्राफ लेता है। इस व्यवस्था को बनाए रखने के लिए हमे विचार करना होगा कि किसके साथ रहना है।
पहले महाराष्ट्र के विकास के बारे में सोचे हिंदी भाषी
राज्यपाल शुक्ल ने मुंबई या महाराष्ट्र में रह रहे हिंदी भाषियों को सलाह दी कि वे पहले यहां के बारे में सोचें। महाराष्ट्र में रहते है, यहां का पानी पीते है तो इस राज्य के विकास के बारे में पहले सोचे। उसके बाद अपने गांव के विकास की भी चिंता करें। महामहिम ने कहा कि मैं हिमाचल प्रदेश के जिलों में जाता हूं। केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं की समीक्षा करता हूँ। हिमाचल प्रदेश पहाड़ी राज्य है तो योजनाओं में 90 फीसदी केंद्र का पैसा है। हमारे दौरे से अधिकारी ततपरता से काम में लग जाते है। सोच हो तो विकास होगा।
भाजपा के प्रवक्ता प्रेम शुक्ल ने कहा कि जहां ज्वाला देवी है और बगला देवी है उस देवभूमि हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल हमारे बीच हैं। मुंबई में रहने वाले हिंदीभाषियों के लिए यह गर्व की बात है कि स्वच्छ छवि, अनुशासित और संयमी व्यक्तित्व शिवप्रताप शुक्ल का हिंदी दिवस पर हमें स्वागत करने का सौभाग्य मिला है। वही, मुंबई भाजपा के उपाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी ने अपने स्वागत भाषण में कहा कि आज हम ऐसे व्यकितत्व का स्वागत कर रहे है जो ऊंचे पदों पर रहते हुए बेदाग रहे क्योंकि शिवप्रताप शुक्ल जी सनातन में विश्वास रखते है। कैबिनेट मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण अंतिम चरण में है जिस प्रकार मूर्ति के सामने बैठने से आध्यात्मिक अनुभूति होती है उसी तरह महामहिम शुक्ल के सम्मुख होता है। राज्य के पुलिस महानिदेशक (होमगार्ड) भूषण कुमार उपाध्याय ने कहा कि आध्यात्मिक व्यक्ति की समाज को देखने की दृष्टि बदल जाती है। समर्पित व्यक्ति ही सामाजिक जीवन की यात्रा को नई ऊंचाई दे पाता है। महामहिम शुक्ल का जीवन इन सभी गुणों का समन्वय है। इस मौके पर शहर की विभिन्न संस्थाओं ने महामहिम राज्यपाल का स्वागत किया।