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बारिश में फिर डूबेगी दिल्ली, कागजों पर हो रही नालों की सफाई, CM के औचक निरीक्षण में खुली पोल

Tue, 10 Jul 2018 01:55 AM IST
डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली
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पीने के लिए दिल्ली को पानी भले ही नसीब न हो, लेकिन बारिश की चार बूंदें पड़ते ही वह बाढ़ में डूब जाती है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि बारिश के पानी को निकालने के लिए ड्रेनेज सिस्टम की सफाई उचित ढंग से नहीं की जाती जिसके कारण थोड़ी सी भी बारिश होने पर शहर में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो जाते हैं। ऐसी स्थिति में सबवे तालाब की शक्ल धारण कर लेते हैं। 

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मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को जब अपने दल-बल के साथ कुछ जगहों का औचक निरीक्षण किया तो पता चला कि जिन नालों को कागजों में साफ दिखा दिया गया था, मौके पर वह गाद और कूड़े से भरा हुआ है। जगह-जगह पर नाले जाम हुए पड़े हैं। 

उन्होंने क्षेत्र के अधिकारियों के साथ आज अंबेडकर नगर के तीन इलाकों एमबी रोड, वाल्मीकि मंदिर मार्ग और राजाराम मार्ग का निरीक्षण किया और सफाई के कार्यों में गंभीर अनियमितता पाई। स्थानीय जनता ने भी मुख्यमंत्री से सफाई के बारे में शिकायत की और मामले में बरती जा रही लापरवाही की जानकारी दी।
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जानकारी के मुताबिक दिल्ली के कुछ अन्य इलाकों में भी सफाई के कामों को उचित ढंग से नहीं किया गया है और इसका खामियाजा आने वाली बारिश के दौरान देखने को मिल सकता है।

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जल बोर्ड का काम संभाल रहे केजरीवाल

अरविंद केजरीवाल
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल खुद जल मंत्रालय का काम संभाल रहे हैं। वे दिल्ली जल बोर्ड के अध्यक्ष भी हैं जो राजधानी में नालों की साफ-सफाई की जिम्मेदारी संभालता है। यही कारण है कि मुख्यमंत्री इस मोर्चे पर सक्रिय हैं। क्योंकि बारिश के समय अनियमितता होने पर विपक्षी दल सीधे उन्हें निशाना बनाएंगे। केजरीवाल ने अधिकारियों को बारिश से पहले नालों की पूरीच सफाई करने का आदेश दिया है। 

बारिश का अनुमान

अगले कुछ दिन दिल्ली और देश के कई उत्तर भारत के राज्यों में भारी बारिश होने का अनुमान लगाया गया है। गर्मी और उमस के लगातार बढ़ने के बीच यह राहत की खबर हो सकती है, लेकिन पानी के उचित बहाव की सुविधा न हो पाने की स्थिति में दिल्लीवासियों की परेशानी बढ़ना तय है। सफाई की कमी के कारण जगह-जगह पर पानी भर सकता है जिसकी वजह से यातायात संबंधी समस्या भी पैदा हो सकती है। 
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