फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

BSF: पाकिस्तान की तरफ से एमएमजी व मोर्टार से भारी गोलीबारी, बीएसएफ के 4 जांबाजों ने यूं नाकाम की घुसपैठ

सार

शुक्रवार को नई दिल्ली स्थित विज्ञान भवन में आयोजित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अलंकरण समारोह एवं रुस्तमजी स्मृति व्याख्यान में वीरता के लिए पुलिस पदक प्रदान किए गए। पुरस्कार गृह मंत्री अमित शाह ने दिए।
विज्ञापन
केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को नई दिल्ली स्थित विज्ञान भवन में आयोजित सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के अलंकरण समारोह एवं रुस्तमजी स्मृति व्याख्यान में वीरता के लिए पुलिस पदक प्रदान किए। बल के उप निरीक्षक अनुराग रंजन, मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर, आरक्षक अमरजीत सिंह और आरक्षक नवजोत सिंह को वीरता के पदक से नवाजा गया है। इन जांबाजों ने कुपवाड़ा सेक्टर में पाकिस्तान द्वारा एमएमजी और मोर्टार से भारी गोलीबारी शुरु कर दी। इसका मकसद, पड़ोसी मुल्क द्वारा भारतीय सीमा में आतंकियों को प्रवेश कराना था। बीएसएफ के जांबाजों ने दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में अपनी जान की परवाह न करते हुए पाकिस्तान के मंसूबों को ध्वस्त कर दिया। एक आतंकवादी को मार गिराया और बाकी घुसपैठियों को आगे नहीं बढ़ने दिया। बाद में सर्च ऑपरेशन के दौरान मृत आतंकवादी के साथ भारी मात्रा में हथियार और गोला बारूद बरामद किया गया। 

विज्ञापन


बता दें कि साल 2020 में बीएसएफ की 169 वीं बटालियन, कश्मीर के कुपवाड़ा सेक्टर में तैनात थी। इस बटालियन के फॉरवर्ड डिफेंडेड लोकेलिटी (एफडीएल) पॉइंट 3850 के सीमा प्रहरी दल को अपने क्षेत्राधिकार में होने वाली किसी भी संभावित घुसपैठ या किसी अन्य तरीके की अवैध गतिविधि को नाकाम करने की जिम्मेदारी दी गई थी। साल 2020 में सात-आठ नवंबर की  रात को, बीएसएफ के उप निरीक्षक अनुराग रंजन, मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर और आरक्षक सुदीप सरकार को एंटी इंफिल्ट्रेशन ऑब्सटेकल सिस्टम (एआईओएस) के साथ पेट्रोलिंग की जिम्मेदारी मिली।

अपने एंबुश पॉइंट की तरफ बढ़ते हुए इस टीम ने टावर-3 के एमएमजी डिटैचमेंट पर तैनात आरक्षक अमरजीत सिंह और आरक्षक नवजोत सिंह को अलर्ट रहने और जरूरत पड़ने पर सपोर्ट फायर देने को कहा। पेट्रोलिंग पार्टी में सुदीप सरकार सबसे आगे गाइड के तौर पर चल रहे थे। उप निरीक्षक अनुराग दूसरे और मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर सबसे पीछे थे। रात के करीब एक बजे थे। इस पार्टी ने सशस्त्र घुसपैठियों को एआईओएस की तरफ बढ़ते हुए देखा। 
विज्ञापन


बीएसएफ जवानों ने जब उन्हें चुनौती दी तो आतंकवादियों ने गोलीबारी शुरु कर दी। एक्सचेंज ऑफ फायर करते हुए सुदीप सरकार ने आतंकवादियों पर जवाबी गोलाबारी की और एक आतंकवादी को मार गिराया। इस बीच अंधाधुंध फायरिंग में सुदीप सरकार अकेले फंस चुके थे। उसी समय पाकिस्तानी एफडीएल ने अपनी पोस्टों पर एमएमजी और मोर्टार से भारी गोलाबारी शुरू कर दी। आरक्षक अमरजीत सिंह और आरक्षक नवजोत सिंह, दुश्मन की गोलाबारी के बीच घने अंधेरे में, अत्यंत दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में 850 मीटर से  अधिक की दूरी तक रेंगते हुए, घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने अपनी पार्टी को नजदीकी फायर सपोर्ट प्रदान किया। इनकी प्रभावकारी गोलीबारी के चलते पार्टी ने बढ़त बनाए रखी और घुसपैठियों को वहीं रोक दिया। इस ऑपरेशन में मृत आतंकवादी के साथ भारी मात्रा में हथियार और गोलाबारूद बरामद किया गया। 


उप निरीक्षक अनुराग रंजन 169 बटालियन (अब श्रेत्रीय मुख्यालय गोपालपुर) 
उप निरीक्षक अनुराग रंजन ने अनुकरणीय और उत्कृष्ट नेतृत्व गुणों का प्रदर्शन किया। त्वरित गति से साहसिक निर्णय लिए और घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे खूंखार आतंकवादी को खत्म करने के लिए एम्बुश सह पेट्रोलिंग पार्टी का कुशल नेतृत्व किया। अधीनस्थ अधिकारी ने आतंकवादियों की गोलियों का सामना करने में, अपनी टीम के साथ कंधे से कंधा मिलाकर वीरता और उत्कृष्ट सामरिक कौशल का प्रदर्शन किया। अनुराग रंजन ने अपनी जान की परवाह किए बिना, अदम्य साहस और समर्पण दिखाते हुए अपने सहयोगी की जीवन रक्षा हेतु भारी गोलीबारी के बीच लगातार वीरतापूर्ण प्रयास किया। आतंकवादियों और दुश्मन की अग्रिम रक्षा चैकियों से की जा रही भारी  गोलीबारी के बीच उप निरीक्षक अनुराग रंजन ने ऑपरेशन को सफलतापूर्वक कमांड किया और घुसपैठ की कोशिश को नाकाम कर दिया। चार घंटे से अधिक समय तक चली इस मुठभेड़ के दौरान, उन्होंने अत्यंत दुर्गम परिस्थितियों में घुसपैठियों पर गोलीबारी करने के लिए पार्टी को लगातार प्रेरित किया। उन्होंने उच्च स्तर के सामरिक कौशल और बहादुरी के साथ कुशलता पूर्वक टीम का नेतृत्व किया। स्वतंत्रता दिवस 2023 के अवसर पर, उप निरीक्षक अनुराग रंजन को उनके अदम्य साहस और कर्तव्य के प्रति अनुकरणीय प्रतिबध्दता व वीरता के लिए  पुलिस पदक से सम्मानित किया गया।


मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर 

मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर ने बहादुरी, पराक्रम, सामरिक कौशल और सतर्कता का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। घनी अंधेरी रात में रिज के उत्तरी किनारे पर आतंकवादियों की संदिग्ध हरकत को सबसे पहले उन्होंने ही देखा था। उन्होंने तुरंत पार्टी कमांडर को सूचित किया तथा वहीं पर पोजीशन ले ली। आतंकवादियों पर गोलीबारी प्रारंभ कर दी। इस गोलीबारी के जवाब में आतंकवादियों ने एंम्बुश पार्टी पर भारी मात्रा में गोलियां चलाईं। मुठभेड़ के दौरान उनके दाहिने पैर में स्प्लिंटर लगे। घायल होने के बावजूद, मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद ने उप निरीक्षक अनुराग रंजन के साथ मिलकर आतंकवादियों पर फायर जारी रखा। मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद ने अपनी जान की परवाह किए बिना, कर्तव्य के प्रति बहादुरी, समर्पण और निष्ठा का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। मुख्य आरक्षक अब्दुल हमीद राथर को अदम्य साहस और कर्तव्य के प्रति अनुकरणीय प्रतिबध्दता व वीरता के लिए पुलिस पदक से स्वतंत्रता दिवस 2023 के अवसर पर सम्मानित किया गया।


आरक्षक अमरजीत सिंह 

सीमा सुरक्षा बल की पार्टी टॉवर-3 पोस्ट पर तैनात मीडियम मशीन गन डेट (एमएमजी डेट) के आरक्षक अमरजीत सिंह तथा एक अन्य आरक्षक नवजोत सिंह के साथ, आतंकवादियों और दुश्मन की अग्रिम रक्षा चैकियों द्वारा भारी मात्रा में प्रभावी गोलीबारी के बावजूद, अत्यधिक कठिन पर्वतीय एवं पथरीले भू-भाग में पूर्ण अंधकारमय रात्रि के दौरान लगभग 800 मीटर की दूरी को रेंगते हुए पार किया। उन्होंने अपनी व्यक्तिगत सुरक्षा और जीवन की परवाह किए बिना रणनीतिक रूप से मुठभेड वाले स्थान पर पहुंच कर कब्जा किया। निकट दूरी से आतंकवादियों पर भारी मात्रा में फायर किया। उन्होंने अपनी पार्टी को कवरिंग फायर दिया, जिससे घायल आरक्षक सुदीप सरकार को सुरक्षित स्थान पर ले जाने की कार्रवाई संभव हो सकी। उन्होंने फायरिंग कर घुसपैठियों को एआईओएस के निकट आने से भी रोका। आरक्षक अमरजीत सिंह को अदम्य साहस और कर्तव्य के प्रति प्रतिबध्दता हेतु स्वतंत्रता दिवस 2023 के अवसर पर, वीरता के लिए पुलिस पदक से सम्मानित किया गया।


आरक्षक नवजोत सिंह

आरक्षक नवजोत सिंह, एमएमजी पार्टी के आरक्षक अमरजीत सिंह के साथ तुरंत घटनास्थल की ओर बढ़े। वे आतंकवादी और दुश्मन की एफडीएल से प्रभावशाली और भारी मात्रा में हो रही गोलीबारी के बावजूद बिना विचलित हुए निरंतर घटनास्थल की ओर बढ़ते रहे। उन्होंने रात के घने अंधेरे में, अत्यंत दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र में 850 मीटर से अधिक की दूरी रेंगते हुए तय की। उन्होंने अपनी एंम्बुश सह पेट्रोलिंग पार्टी को नजदीकी फायर सपोर्ट और कवरिंग फायर प्रदान किया, जो भीषण मुठभेड़ में संलग्न थी। उनके द्वारा प्रभावकारी और भारी मात्रा में की गई गोलीबारी ने अपनी पार्टी की सामरिक रणनीति में मदद की। इस प्रकार उन्होंने घुसपैठियों को एंटी इन्फिलट्रेशन ऑब्सटेकल सिस्टम के नजदीक आने से रोक दिया। उनकी उत्कृष्ट बहादुरी, समर्पण, कर्तव्यनिष्ठा तथा उच्चतम स्तर की सामरिक दक्षता के फलस्वरूप घुसपैठ की कोशिश को सफलतापूर्वक विफल किया गया। भारी मात्रा में हथियार एवं गोलाबारूद की बरामदगी के साथ एक आतंकवादी को मार गिराया गया। आरक्षक नवजोत सिंह की वीरता व अदम्य साहस को सम्मानित करने के लिए वर्ष 2023 में वीरता के लिए पुलिस पदक प्रदान किया गया।
विज्ञापन


सराहनीय सेवाओं के लिए पुलिस पदक 
  • डा. आषीश कुमार, महानिरीक्षक (तब उप महानिरीक्षक) 
  • राज कुमार नेगी, उप महानिरीक्षक (तब कमांडेंट)  
  • प्रदीप चंद शर्मा,  कमांडेंट
  • अनिल कुमार, द्वितीय कमान अधिकारी 
  • संदीप कुमार, द्वितीय कमान अधिकारी 
  • प्रेम विश्वास, द्वितीय कमान अधिकारी 
  • पवन कुमार, द्वितीय कमान अधिकारी (तब उप कमांडेंट)  
  • प्रसाद कुमार पी एस, उप कमांडेंट (तब सहायक कमांडेंट)   
  • चरनजीत सिंह, उप कमांडेंट (तब सहायक कमांडेंट)  
  • महिमा नन्द ममगाई, उप कमांडेंट (प्रधान निजी सचिव) 
  • राजेष मेहरा, सहायक कमांडेंट (निजी सचिव) 
  • निरीक्षक (आरएम) जगदम्बा प्रसाद
  • निरीक्षक (आरएम) विश्वजीत भूनियां (तब उप निरीक्षक) 
  • निरीक्षक महिपाल मंजू
  • सहा. उप निरीक्षक अभय प्रताप सिंह
  • मुख्य आरक्षक (मंत्रा.) दिगंबर सिंह
  • मुख्य आरक्षक (ट्रेडमेन) धरमबीर सिंह (तब आरक्षक ट्रेडमेन) 
  • आरक्षक मान सिंह 
  • सेवानिवृत्त सदस्यों को भी मिला सम्मान ...  
  • निरीक्षक (मंत्रा.) विजय कुमार शुक्ला
  • निरीक्षक उरबा दत्त भट
  • निरीक्षक जीबन कृश्णा सरकार
  • निरीक्षक इसतियाक अहमद
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें