प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को वरिष्ठ पत्रकार और कमेंटेटर चो रामास्वामी को अपने अनूठे अंदाज में श्रद्धांजलि दी। चो रामास्वामी ने बुधवार तड़के अंतिम सांस ली। प्रधानमंत्री ने रामास्वामी को श्रद्धांजलि देने के साथ एक वीडियो भी शेयर किया, जिसमें वरिष्ठ पत्रकार प्रधानमंत्री का परिचय 'मौत का सौदागर' के रूप में करा रहे हैं। रामास्वामी 'तुगलक' पत्रिका के संस्थापक संपादक रहे हैं।
Cho Ramaswamy was a multidimensional personality, towering intellectual, great nationalist & fearless voice who was respected and admired.
— Narendra Modi (@narendramodi) December 7, 2016
प्रधानमंत्री ने अपने ट्वीट में रामास्वामी को बहुआयामी व्यक्तित्व के धनी, बुद्धिजीवी, प्रखर राष्ट्रवादी और निडर आवाज बताया।
मोदी ने एक वीडियो शेयर करते हुए लिखा, 'चो रामास्वामी ने मेरा परिचय 'मौत का सौदागर' के रूप में कराया था।' यह वीडियो उस समय का है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीसरी बार गुजरात के मुख्यमंत्री चुने गए थे। इसके साथ प्रधानमंत्री ने अपने जवाब का वीडियो भी शेयर किया।
परिचय में रामास्वामी कहते हैं, 'अब मैं बुलाने जा रहा हूं.. मौत के सौदागर को।' इसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उपस्थित श्रोता हंस पड़ते हैं।
The feisty Cho Ramaswamy introduces me as the 'Merchant of Death.' Do watch this memorable interaction. https://t.co/2FsF64sVvH
— Narendra Modi (@narendramodi) December 7, 2016
रामास्वामी आगे कहते हैं, 'आतंकवाद के लिए मौत का सौदागर, भ्रष्टाचार के लिए मौत का सौदागर, अयोग्यता के लिए मौत का सौदागर, गरीबी के लिए मौत का सौदागर, अंधेरे और अज्ञानता के खिलाफ मौत का सौदागर, अफसरों की लापरवाही के खिलाफ मौत का सौदागर।'
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद को आपातकाल के समय से ही रामास्वामी का प्रशंसक बताते हैं। उन्होंने कहा, 'मैंने हमेशा महसूस किया है कि चो एक सच्चे लोकतांत्रिक रहे हैं। तमिलनाडु में मेरे दोस्त कहते हैं कि वह राजगुरु हैं।'
I returned the favour, but don't think I matched Cho's eloquence. Hear what I said about him. https://t.co/wPxYLc1fTb
— Narendra Modi (@narendramodi) December 7, 2016
गौरतलब है कि 'मौत का सौदागर' मुहावरे का इस्तेमाल कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने 2007 के गुजरात विधानसभा चुनावों में प्रचार के दौरान किया था। इसके जरिए 2002 के दंगों को लेकर उन्होंने मोदी पर निशाना साधा था।