गुजरात के पाटीदार नेता हार्दिक पटेल को राजद्रोह के दो और मामलों में दोषी पाया गया है। अहमदाबाद में सत्र अदालत ने मंगलवार को फैसला सुनाते हुए कहा कि उन पर 2015 में राजद्रोह के दो और आरोप लगे थे। इस मामले में उनके दो सहयोगियों दिनेश बंबानिया और चिराग पटेल को भी मामले में नामित किया गया था। इन सभी को अब कोर्ट ने दोषी माना है।
अहमदाबाद अपराध शाखा द्वारा 18 पेज की चार्जशीट पढ़ने के दौरान अदालत ने उन पर धारा 124 (A) (राजद्रोह) और 120 (B) (आपराधिक साजिश) के तहत आरोप लगाए हैं। बता दें कि इन तीनों पर पटेल समुदाय के लिए आरक्षण की मांग के लिए सरकार पर दवाब बनाया गया था। हार्दिक पर आरोप है कि इस दौरान उन्होंने लोगों को हिंसा के लिए उकसाने का काम किया गया था। फिलहाल यह यह तीनों जमानत पर हैं।