नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान हुई हिंसा के मामले में लंबे समय से जेल में बंद सामाजिक कार्यकर्ता अखिल गोगोई को गुवाहाटी हाईकोर्ट से भी राहत नहीं मिली। हाईकोर्ट ने बृहस्पतिवार को कृषक मुक्ति संग्राम परिषद और रैजोर दल के नेता गोगोई की जमानत याचिका खारिज कर दी।
गोगोई को दिसंबर, 2019 में हुई हिंसा में कथित रूप से उनकी भूमिका को लेकर देशद्रोह के आरोप में गिरफ्तार किया गया था। अगस्त के बाद से ऐसा दूसरी बार है कि उनकी जमानत याचिका खारिज हुई है। इससे पहले एनआईए कोर्ट भी उनकी जमानत याचिका खारिज कर चुकी है।
मार्च, 2020 में गोगोई को एनआईए अदालत ने जमानत दी थी, लेकिन गुवाहाटी हाईकोर्ट ने इस पर रोक लगा दी थी। गोगोई के तीन सहयोगी भी उनकी गिरफ्तारी के एक दिन बाद गिरफ्तार किए गए थे, लेकिन उन्हें जमानत मिल चुकी है।