गुजरात के पूर्व सीएम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता शंकर सिंह वाघेला ने पार्टी नेताओं पर तीखी टिप्पणी की है। उन्होंने पार्टी पर हमलावार होते हुए कहा कि अगर राज्य में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव में पार्टी आत्महत्या के रास्ते पर जाती रहेगी तो उन्होंने पार्टी नेता से इस्ताफा देने की ओर इशारा करते हुए कहा कि मैं साथ नहीं रहूंगा।
उन्होंने पार्टी आलाकमान पर हमलावार होते हुए कहा कि जो लोग चुनाव लड़ना नहीं जानते हैं वह पार्टी में बॉस बने हैं। उन्होंने आगे कहा कि वह अपने समर्थकों से सलाह-मशविरा करके पार्टी छोड़ने का फैसला करेंगे। उन्होंने 2002 की बात करते हुए कहा कि मैंने सोनिया गांधी जी से वादा किया था कि पार्टी के लिए वफादार रहूंगा। लेकिन अब उस वादे के खत्म होने का समय आ गया है। इसके बारे में उनको बोल चुका हूं।
बता दें कि शंकर सिंह वाघेला पिछले कुछ समय से पार्टी आलाकमान से नाराज चल रहे हैं क्योंकि उन्हें गुजरात चुनाव को मद्देनजर रखते हुए पार्टी की कमान नहीं सौंपी जा रही है। साथ ही उन्होंने विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के लिए अच्छा मौका बताया और कहा कि इस बार पाटीदार आंदोलन और अन्य कारण कांग्रेस के लिए सत्ता पर काबिज होने का अच्छा मौका है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक अटकलें जताई जा रही है कि वह बीजेपी में शामिल हो सकते हैं।