सरकार ने लोहा, इस्पात, सीमेंट, कोयला, पेट्रोलियम रिफाइनरी उद्योग समेत 25 क्षेत्रों में मौजूदा परियोजनाओं के विस्तार या नई परियोजना के लिये पर्यावरण मंजूरी को लेकर मानक शर्तें लगायी है।
सरकार द्वारा गठित विशेषज्ञ मूल्यांकन समिति (ईएसी) परियोजनाओं का आकलन करती है और अपनी सिफारिशें देती है। उन सिफारिशों के आधार पर पर्यावरण मंत्रालय अंतिम हरित मंजूरी प्रदान करता है।
पर्यावरण मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘‘विभिन्न परियोजनाओं एवं क्षेत्रों के संदर्भ में निर्धारित नियम एवं शर्तों को लेकर एकरूपता लाने को लेकर, मंत्रालय ने 25 क्षेत्रों के लिये मानक शर्तें तैयार की हैं।’’
ये 25 क्षेत्र लोहा, इस्पात, सीमेंट, कोयला, पेट्रोलियम रिफाइनरी उद्योग, कागज एवं लुगदी उद्योग, पनबिजली परियोजनाएं इत्यादि हैं।
मानक पर्यावरण शर्तों के बारे में विशेषज्ञ मूल्यांकन समिति को परियोजना के आकलन के समय विचार करना होगा। जरूरी जांच पड़ताल के बाद ईएसी परियोजना की जरूरत के अनुसार शर्तों में संशोधन कर सकता है, उसे हटा सकता है और अन्य शर्तें जोड़ सकता है।