रेल यात्रियों के साथ ही केंद्र सरकार ने किसानों को बड़ी राहत दी है। अब फल व सब्जियों को किसान रेल के जरिए सस्ती दर पर एक जगह से दूसरी जगह भेज सकेंगे।
किसानों को सब्जियों व फल को एक जगह से दूसरी जगह खेत में उपजाई गई सब्जियों व फलों के लदान पर 50 प्रतिशत सब्सिडी दी जाएगी। हालांकि, किसान अधिसूचित की गई सब्जियों व फलों पर ही इस सब्सिडी का लाभ उठा सकेंगे।
केंद्रीय रेल मंत्री पीयूष गोयल ने ट्वीट कर कहा कि किसान रेल के माध्यम से अधिसूचित की गई सब्जियां व फलों को किसान रेल के माध्यम से लदान करते है तो उन्हें ऑपरेशन ग्रीन योजना के तहत रेलवे किसानों को फलों व सब्जियों के लिए 50 प्रतिशत सब्सिडी देगी।
ऑपरेशन ग्रीन योजना में टमाटर, प्याज और आलू (टीओपी) को शामिल किया गया है। किसान अब और कम लागत पर अपने उत्पाद नये मार्केट तक भेज सकेंगे। जिससे उनकी आय में वृद्धि होगी।
रेल मंत्रालय ने कहा है कि इस योजना को खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय ने टमाटर से ऑपरेशन ग्रीन योजना को आगे बढ़ाया। आत्मनिर्भर भारत योजना को ध्यान में रख छह महीने के लिए बतौर पॉयलट शुरू किया गया है।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ऑपरेशन ग्रीन्स के तहत अधिशेष उत्पादन वाले क्षेत्रों से प्रमुख उपभोग केंद्रों तक परिवहन और भंडरण पर 50 प्रतिशत सब्सिडी का लाभ दे रही थी। इसके तहत 18 तरह के फल-सब्जियों के भंडारण और परिवहन पर सब्सिडी कोरोना काल में मिल रहा है। ताकि खेते में यह फसल बर्बाद नहीं हो सके।
ऑपरेशन ग्रीन्स योजना
ऑपरेशन ग्रीन्स के तहत टमाटर, प्याज और आलू को इस योजना के दायरे में रखा गया है। ऑपरेशन ग्रीन्स के तहत खाद्य जिंसों की सूची को टमाटर, प्याज और आलू (टीओपी) फसलों के लिए सब्सिडी प्रदान करने की बात की गई थी।
10 फलों में आम, केला, अमरूद, कीवी, लीची, पपीता, खट्टे फल, अनानास, अनार, कटहल और 8 सब्जियों में फ्रेंच बीन्स, लौकी, बैंगन, शिमला मिर्च, गाजर, फूलगोभी, मिर्च को शामिल किया गया है। रेलवे ने इसी योजना के तहत फल व सब्जियों की किसान रेल से ढुलाई पर 50 प्रतिशत सब्सिडी देने का ऐलान किया है।