एनपीए खातों को फायदा नहीं
दिशानिर्देश की शर्तों के अनुसार, 29 फरवरी तक इन खातों का मानक होना अनिवार्य है। मानक खाता उन खातों को कहा जाता है, जिन्हें गैर निष्पादित संपत्ति (एनपीए) नहीं घोषित किया गया हो।
इन कर्जदारों को मिलेगा लाभ
आवास ऋण, शिक्षा ऋण, वाहन ऋण, एमएसएमई ऋण, टिकाऊ उपभोक्ता उत्पाद ऋण, उपभोग ऋण और क्रेडिट कार्ड का बकाया पर मिलेग
किस्त भरने वालों को भी फायदा
कर्जदारों ने अगर रिजर्व बैंक द्वारा 27 मार्च को घोषित किस्त भुगतान छूट का पूर्णत: या आंशिक लाभ लेने का विकल्प चुना हो यह नहीं, दोनों इस राहत के पात्र होेंगे। कर्ज राहत योजना का लाभ उन कर्जधारकों को भी मिलेगा, जो नियमित किस्तों का भुगतान करते रहे।
कर्जदाता संस्थानों को ऐसे मिलेगी राशि
चक्रवृद्धि ब्याज और साधारण ब्याज के अंतर का जो बोझ उपभोक्ता पर पड़ेगा वह कर्जदाता बैंक या वित्तीय संस्थान उपभोक्ता के खाते में जमा करेंगे। ब्याज के अंतर की इस राशि को उपभोक्ता के खाते में जमा करने के बाद बैंक इसके लिए केंद्र सरकार से दावा करेंगे।
कोर्ट ने कहा था- आम लोगाें की दिवाली आपके हाथ
कोर्ट ने 14 अक्टूबर को कहा था, लॉकडाउन के मद्देनजर किस्त भुगतान छूट योजना के तहत दो करोड़ रुपये तक कर्ज पर ब्याज माफी पर जल्द निर्णय लें। कोर्ट ने कहा था, आम लोगों की दिवाली सरकार के हाथों में है। कुछ ठोस करने की जरूरत है। जितना जल्दी संभव हो।
50 लाख पर 12,425 का फायदा
किसी ने 50 लाख रुपये का होम लोन लिया है तो उसे करीब 12,425 रुपये का फायदा होगा। यह राशि छह महीने के कर्ज पर कर्ज की है। दरअसल, इस कर्ज पर आठ फीसदी की दर से करीब दो लाख रुपये ब्याज होगा। इसके साथ ही चक्रवृद्धि ब्याज मिलाकर यह राशि 2,12,425 रुपये होगी। नए दिशा-निर्देशों के मुताबिक 12,425 रुपये के अंतर को सरकार भरेगी।,