सदर लोकसभा क्षेत्र के नए सांसद का फैसला बुधवार को हो जाएगा। गोरखपुर यूनिवर्सिटी में होने वाली मतगणना की तैयारियां मंगलवार को पूरी कर ली गईं।
मतगणना कर्मचारियों को प्रशिक्षण देने के साथ ही उम्मीदवार और उनके एजेंटों को भी जरूरी दिशा निर्देश दे दिए गए। जिला निर्वाचन अधिकारी व डीएम राजीव रौतेला ने बताया कि मतगणना सुबह आठ बजे से शुरू होगी। इसके दो घंटे पहले छह बजे प्रेक्षक, उम्मीदवार या उनके एजेंट की उपस्थिति में स्ट्रांग रूम की सील तोड़ी जाएगी। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र के मतों की गिनती के लिए 14 टेबल लगाए गए हैं। एक टेबल आरओ का होगा। बताया कि मतों की गणना का परिणाम एलईडी स्क्रीन लगाकर प्रदर्शित किया जाएगा। इसके अलावा आरओ माइक से भी घोषणा करेंगे।
प्रत्येक टेबल पर मतगणना पर्यवेक्षक समेत चार कर्मचारी होंगे। सभी मतगणना पर्यवेक्षक राजपत्रित अधिकारी होंगे। हर टेबल पर प्रत्येक प्रत्याशी एक-एक एजेंट तैनात कर सकेंगे। सहजनवां में सबसे कम 29 राउंड और गोरखपुर शहर में सबसे ज्यादा करीब 34 राउंड की गिनती होगी।
कैंपियरगंज और पिपराइच में 30 राउंड और गोरखपुर ग्रामीण विधानसभा में 31 राउंड की गिनती होगी। सबसे पहले सर्विस वोटरों के वोटों की गिनती होगी। सुबह 11 बजे तक रूझान और दोपहर एक बजे के करीब नतीजे आ जाएंगे।
सर्विस वोटरों के मत पहले गिने जाएंगे
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि मतगणना की शुरूआत पोस्टल बैलट से होगी। इनकी गणना आरओ टेबिल पर, वाणिज्य भवन में होगी। कुल 2910 सर्विस मतदाताओं को मतपत्र भेजा गया था। 12 मार्च की शाम तक कुल 237 मत वापस मिले हैं। 14 मार्च की सुबह आठ बजे से पहले प्राप्त मतों को ही गणना में शामिल किया जाएगा।
बताया कि आयोग के निर्देशानुसार मतपत्र पर यदि मतदाता या उसके सत्यापन अधिकारी का हस्ताक्षर नही पाया जाता है या घोषणा पत्र नही मिलता है तो मत अवैध माना जाएगा।
9.34 लाख मतदाता तय करेंगे जीत-हार
सदर संसदीय सीट के नए सांसद की घोषणा भले ही बुधवार को हो मगर उनकी किस्मत का फैसला वोटरों ने 11 मार्च को ही कर दिया था, जो ईवीएम में कैद हैं। इस संसदीय क्षेत्र में कुल 19.49 लाख मतदाताओं में से 9.34 लाख ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया है। इनमें 4.98 लाख पुरुष और 4.36 लाख महिलाओं के मत शामिल हैं।
वीवीपैट पर्चियों की गिनती से पारदर्शिता की तस्दीक
मतदान और ईवीएम की पारदर्शिता की तस्दीक कराने के लिए मतगणना के दौरान प्रत्येक विधानसभा की एक-एक वीवी पैट मशीन की पर्ची की भी गिनती की जाएगी। वीवी पैट मशीन का निर्धारण लाटरी सिस्टम से किया जाएगा। इस पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी भी कराई जाएगी। वीवी पैट मशीन की गणना ईवीएम के सभी कंट्रोल यूनिट की गणना समाप्त होने के बाद की जाएगी। उम्मीदवार इस टेबल के लिए एक अलग से एजेंट नियुक्त कर सकते हैं।
विजय जुलूस नहीं निकाल सकेंगे
गोरखपुर लोकसभा संसदीय क्षेत्र के उपचुनाव में मतगणना के बाद प्रत्याशी का विजयी जलूस पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। जिला निर्वाचन अधिकारी राजीव रौतेला ने कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक के दौरान उम्मीदवार एवं राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों को इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार विजयी प्रत्याशी को पुलिस सुरक्षा में उनके घर तक पहुंचाया जाएगा।