अगली अच्छी खबर हवाई सफर करने वालों के लिए है। हिसार एयरपोर्ट को लाइसेंस जारी कर दिया गया है। अब एयरपोर्ट से उड़ान शुरू करने की बाधा दूर हो गई है। डीजीसीए की ओर से 27 सितंबर को ये लाइसेंस जारी किया गया है। अब हवाई सेवाओं के शेड्यूल का इंतजार है। हिसार एयरपोर्ट को एयरोड्रम का लाइसेंस जारी किया गया है। डायरेक्टर जनरल ऑफ सिविल एविएशन की ओर से ये लाइसेंस दिया गया है।
लाइसेंस का पिछले करीब डेढ़ महीने से इंतजार किया जा रहा था। हिसार एयरपोर्ट के लिए डीजीसीए की टीम ने अगस्त में सर्वे किया था, जिसमें टीम ने कुछ खामियां बताई थीं। हवाई पट्टी और सुरक्षा बिंदुओं को लेकर टीम ने नाराजगी जताई थी। इन खामियों को दूर करने के लिए दो सप्ताह का समय दिया था। खामियों को दूर करने के बाद अब एयरपोर्ट का लाइसेंस जारी कर दिया गया है। पहले चरण में हिसार से दिल्ली और हिसार से चंडीगढ़ की सेवा शुरू होगी। दूसरे चरण में हिमाचल के कुछ शहरों के लिए उड़ाने आरंभ होंगी।
अगली अच्छी खबर सैनिक स्कूल में अपने बच्चों का एडमिशन कराने की चाहत रखने वाले लोगों के लिए। सैनिक स्कूल घोड़ाखाल में छठी और नवीं की प्रवेश परीक्षा के लिए आवेदन करने वाले छात्रों की आयु सीमा बढ़ा दी गई है। स्कूल प्रशासन ने ये सीमा एक साल तक बढ़ाई है। परीक्षा छह जनवरी 2019 को 16 केंद्रों पर होगी। आवेदन फॉर्म 8 अक्टूबर से 26 नवंबर तक ऑनलाइन भरे जा सकेंगे।
सैनिक स्कूल घोड़ाखाल के रजिस्ट्रार प्रेम कुमार ने बताया कि छठी में अब आयु सीमा 10 से 12 साल और नवीं की प्रवेश परीक्षा के लिए 13 से 14 साल कर दी गई है। इससे प्रवेश परीक्षा में 2000 हजार से ज्यादा आवेदन आने की उम्मीद है।
यूनाइटेड किंगडम (ब्रिटेन) ने एकबार फिर से दोहराया है कि न्यूक्लियर सप्लायर ग्रुप (एनएसजी) की सदस्यता के लिए बिना किसी शर्त के वह भारत के नाम का समर्थन करता है। ब्रिटेन का कहना है कि भारत ने इस समूह में शामिल होने के लिए खुद की योग्यताओं को साबित किया है।
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर परमाणु व्यापार का काम एनएसजी की निगरानी में ही होता है। गौरतलब है कि NSG में भारत के प्रवेश का चीन विरोध कर रहा है, लेकिन भारत अपनी दावेदारी के लिए नए सिरे से आवाज उठा रहा है। हाल में अमेरिका के साथ हुए 2+2 डायलॉग में अमेरिका ने भी भारत को जल्द से जल्द इस ग्रुप का सदस्य बनाने का समर्थन किया है।