दिल्ली सर्राफा बाजार में सोना गुरुवार को 550 रुपये के उछाल के साथ 38,000 रुपये के पार 38,470 रुपये प्रति 10 ग्राम के अब तक के सर्वोच्च स्तर पर पहुंच गया। अमेरिका और चीन के बीच जारी व्यापार युद्ध के बीच निवेशक सुरक्षित निवेश के विकल्प के तौर पर सोने की ओर झुक रहे हैं। घरेलू आर्थिक चिंताओं के बढ़ने से भी भारतीय निवेशकों का सोने के प्रति आकर्षण बढ़ा हुआ है।
औद्योगिक इकाइयों और सिक्का निर्माताओं का उठाव बढ़ने के कारण चांदी भी 630 रुपये के उछाल के साथ 44,000 रुपये के ऊपर 44,300 रुपये प्रति किलोग्राम की ऊंचाई पर पहुंच गई। बाजार विश्लेषकों ने कहा कि छह वर्षो में पहली बार बुधवार को सोने की अंतरराष्ट्रीय कीमत 1,500 डॉलर प्रति औंस के स्तर को लांघ गया। इस मजबूत वैश्विक रुख का कारण, अमेरिका और चीन के बीच जारी व्यापार तनावों की वजह से निवेशकों का सर्राफा बाजार की ओर झुकना है। इसके अलावा घरेलू आर्थिक मंदी के संबंध में चिंताओं को लेकर भी बहुमूल्य धातुओं की मांग में तेजी आई।
जियोजित फाइनेंशल सर्विसेज के (कमोडिटी रिसर्च) विभाग के प्रमुख, हरीश वी ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना 1,500 डॉलर प्रति औंस के मनोवैज्ञानिक स्तर के करीब है जो वर्ष 2013 के बाद का उच्चतम स्तर है। आर्थिक परिदृश्य की धुंधलाहट बढ़ने तथा अमेरिका और चीन के बीच व्यापार युद्ध बढ़ने की स्थिति के बीच दुनिया भर में केन्द्रीय बैंकों द्वारा मौद्रिक नीति में नरमी का रुख अपनाया जा रहा है। पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव बढ़ने से सर्राफा मांग बढ़ी है। वैश्विक स्तर पर न्यूयॉर्क में सोने का भाव मामूली नरमी के साथ 1,497.20 डॉलर प्रति औंस था, जबकि चांदी का भाव 17.16 डॉलर प्रति औंस था।