तेलंगाना जीईएस में इवांका ट्रंप की मेजबानी को तैयार है, लेकिन काफी प्रयास के बावजूद आंध्र प्रदेश इवांका को आमंत्रित नहीं कर सका। इकोनॉमिक डेवलेपमेंट बोर्ड के चीफ एग्जीक्यूटिव जे कृष्णा किशोर ने आंध्र प्रदेश सरकार की ओर से अमेरिकी अधिकारियों से बात की थी, लेकिन कोई परिणाम नहीं निकाला।
राज्य सरकार अंतरराष्ट्रीय रूप से राज्य की छवि चमकाने के लिए इवांका को बुलाना चाहा था क्योंकि उन्हें लगा कि इससे विदेश में राज्य की चर्चा होगी और उसकी ब्रांड वैल्यू बढ़ेगी। मुख्यमंत्री चंद्र बाबू नायडू की सरकार ने अमेरिकी अधिकारियों से आग्रह किया था कि वे अमरावती या विशाखापत्तनम में कार्यक्रम आयोजित कर इवांका को बुलाना चाहते हैं।
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अमेरिकी अधिकारियों ने कहा कि इवांका जीईएस और नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम के अलावा किसी कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लेंगी। आंध्र प्रदेश सरकार ने राज्य में निवेश के लिए कई अमेरिकी कंपनियों को भी बुलाना चाहते थे।
न्यूज एजेंसी एएनआई से मिली जानकारी के मुताबिक हैदराबाद में आज पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप के आगमन को मद्देनजर रखते हुए 2500 सुरक्षाकर्मियों को तीन घेरों में तैनात किया गया है। इस बात की जानकारी सीपी संदीप शांडिल्य ने दी है।
#Hyderabad: 2,500 security personnel have been deployed in three cordons. Everything is in place: Sandeep Sandilya, CP on #IvankaTrump -PM Modi visit tomorrow pic.twitter.com/yVyyVqZKAg
— ANI (@ANI) November 27, 2017
ग्लोबल इंटरप्रेन्योरशिप समिट: पीएम करेंगे उद्घाटन
आठवीं ग्लोबल इंटरप्रेन्योरशिप समिट (जीईएस) मंगलवार से हैदराबाद में शुरू होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसका उद्घाटन करेंगे। इस तीन दिवसीय समिट में अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की बेटी इवांका ट्रंप कर रही हैं।
नीति आयोग के सीईओ अमिताभ कांत ने अमेरिकी राजदूत केनिथ जस्टर के साथ सोमवार को एक संयुक्त प्रेसवार्ता में बताया कि केंद्रीय मंत्री सुषमा स्वराज, निर्मला सीतारमण और सुरेश प्रभु भी इस समिट में हिस्सा लेंगे। उन्होंने बताया कि उद्घाटन के बाद इवांका और रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण एक परिचर्चा में हिस्सा लेंगी।
इसमें महिला उद्यमियों के लिए अवसर बनाने पर चर्चा की जाएगी। इस चर्चा का संचालन एमेरिट्स सिस्को के चेयरमैन जॉन चैंबर्स करेंगे। उन्होंने बताया कि जीईएस के समापन सत्र में महिला उद्यमियों का समर्थन करने वाले, उन्हें आगे बढ़ाने वाले और वित्तीय मदद करने वाले प्रभावशाली लोगों को साथ लाया जाएगा। समापन सत्र का संचालन वाणिज्य मंत्री सुरेश प्रभु करेंगे।
10 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधिमंडल में सिर्फ महिलाएं
कांत ने बताया कि अफगानिस्तान, सऊदी अरब और इस्राइल समेत 10 से ज्यादा देशों का प्रतिनिधित्व उनके महिला प्रतिनिधिमंडल द्वारा किया जाएगा। इस समिट का थीम ‘महिला प्रथम, सबकी समृद्धि’ है। यह जीईएस की पहली ऐसी बैठक होगी जिसमें प्रतिभागी महिलाओं का बहुमत (52.5 प्रतिशत) होने की संभावना है।
उन्होंने कहा, इस समिट का थीम अमेरिका और भारत सरकार की उस सिद्धांत के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है जिसके अनुसार, जब महिला आर्थिक रूप से सशक्त होगी, उनका समुदाय और देश फलेगा-फूलेगा। महिला उद्यमी इनोवेशन और नौकरियों के सृजन में मदद कर सकती हैं। साथ ही दुनिया सी सबसे बड़ी और सबसे महत्वपूर्ण चुनौतियों से भी निपट सकती हैं।
आर्थिक सुधार से बढ़ेगा अमेरिकी निवेश
अमेरिकी राजदूत जस्टर ने विश्व बैंक की ईज ऑफ डूइंग बिजनेस रैंकिंग को लेकर प्रधानमंत्री मोदी की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा, महत्वपूर्ण बात यह है कि आर्थिक सुधारों की प्रक्रिया से भारत में अमेरिकी निवेश बढ़ेगा। हालांकि निवेश का फैसला निजी क्षेत्र और बाजार की ताकतों पर निर्भर करेगा।
अमेरिका में एच1एन1 वीजा पर बोलने से इनकार करते हुए जस्टर ने कहा कि उनकी सरकार वीजा नीति की विस्तार से समीक्षा कर रही है, अभी इसकी घोषणा नहीं हुई है। हालांकि यह वीजा पॉलिसी किसी देश पर केंद्रित नहीं है। इसका मकसद हुनर और इनोवेशन को अमेरिका की ओर आकर्षित करना है।