केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी
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भाजपा के वरिष्ठ नेता व केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्री नितिन गडकरी अपनी खरी-खरी बातों के लिए खास पहचान बनाए हुए हैं। एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में अब उन्होंने स्वीकार किया कि बंगाल व केरल के लिए बजट में की गई हाईवे प्रोजेक्ट की घोषणा चुनावी है। ये एलान पांच राज्यों के चुनाव को देखते हुए ही किया गया है। लगे हाथ उन्होंने यह सवालिया अंदाज में यह भी पूछा कि आखिर इसमें हर्ज क्या है? एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में उनसे पूछा गया था कि सड़क निर्माण के जितने भी प्रोजेक्ट का एलान हुआ, वह चुनावी राज्यों में ही क्यों हुआ? तमिलनाडु, असम और बंगाल की याद चुनाव से पहले ही क्यों आई?
बोले-हम साधु-संन्यासी हैं क्या?
इन सवालों के जवाब में गडकरी ने प्रतिप्रश्न किया-हम साधु संन्यासी हैं क्या? हम अच्छा काम करेंगे तो चुनाव में कैश करेंगे। मैंने माना है वहां चुनाव हैं इसलिए वहां प्राथमिकता पर कर रहे हैं। इसमें क्या गलत है, कौन से नियम और कानून या लोकतंत्र के खिलाफ है?''
बजट में की गई हैं बड़ी घोषणाएं
बता दें, केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट में केरल, तमिलनाडु, असम जैसे राज्यों के लिए हजारों करोड़ रुपये की सड़क परियोजनाओं की घोषणा की है। केरल में 65,000 करोड़ रुपये और तमिलनाडु में 1.03 लाख करोड़ रुपये के राष्ट्रीय राजमार्गों का निर्माण किया जाएगा। असम में 19 हजार करोड़ रुपये के सड़क प्रोजेक्ट बनेंगे तो बंगाल में 25 हजार करोड़ रुपये की लागत से हाईवे बनाए जाएंगे।
मैंने ही दिया था पेट्रोल-डीजल पर सेस का विचार
गडकरी ने कहा कि पेट्रोल डीजल पर सेस लगाकर देशभर में सड़कों का जाल बिछाने का सुझाव मैंने ही दिया था। अटलजी के पीएम कार्यकाल में ग्राम सड़क योजना का सुझाव दिया था। इसके लिए पैसा कहां से आएगा यह सवाल आया तो मैंने ही सुझाव दिया था कि पेट्रोल-डीजल पर 50 पैसे प्रति लीटर का सेस लगा दिया जाए।