जौनपुर-मिर्जापुर मार्ग पर धनुआं गांव के पास गुरुवार की भोर में गिट्टी लदा ट्रक पलटने से एक परिवार के चार लोगों की मौत हो गई और दो गंभीर रूप से घायल हो गए। ट्रक का चालक और खलासी फरार हो गए। हादसे से गुस्साए लोगों ने मौके पर जाम लगा दिया। मुख्यमंत्री राहत कोष से मदद दिलाने के डीएम के आश्वासन पर 12 बजे जाम खत्म हुआ। पुलिस ने चारों शव कब्जे में ले लिए।
धनुआं गांव निवासी मेमे सोनकर के दो पुत्र मदन और रतन हैं। दोनों का परिवार सड़क पर ही ठेला-खोमचा लगाता है। मदन के परिवार के सदस्य रात में सड़क किनारे चारपाई और ठेले पर सो रहे थे। गुरुवार भोर में करीब पांच बजे मिर्जापुर से गिट्टी लादकर आ रहा ट्रक अनियंत्रित होने के कारण सड़क किनारे खोदे गए गड्ढे में पलट गया।
ट्रक पलटते ही गिट्टी चारपाई और ठेले पर सो रहे लोगों पर गिर पड़ी और छह लोग दब गए। घटना के बाद अफरातफरी मच गई। आनन-फानन में पुलिस ने जेसीबी बुलवाकर गिट्टी हटवाया, तब तक हादसे में मदन की मां प्यारी देवी (60), पुत्र अमन सोनकर (16) और मदन के पुत्र वीरेंद्र की दो पुत्रियां श्रेया (08) और रिया(12) की मौत हो चुकी थी।
वीरेंद्र के पुत्र रोहन (10) और उसकी बहन अंशू देवी (18) घायल हो गईं। उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। हादसे के बाद चालक और खलासी ट्रक छोड़कर फरार हो गए। सूचना पर कई थानों की फोर्स पहुंच गई। उधर, गुस्साए लोगों ने आठ बजे सड़क जाम कर दिया।
डीएम भानुचंद्र गोस्वामी, एसपी रोहन पी कनय, एसपी देहात अरुण श्रीवास्तव, एसडीएम मड़ियाहूं रामकेश यादव मौके पर पहुंच गए। लोगों को समझा-बुझाकर करीब 12 बजे जाम समाप्त कराया। डीएम ने कहा कि मुख्यमंत्री राहत कोष से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता मुहैया कराई जाएगी।