पूर्व सेना प्रमुख मनोज नरवणे (सेवानिवृत्त)
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पूर्व सेना प्रमुख जनरल मनोज नरवणे (सेवानिवृत्त) ने पड़ोसी देशों के साथ अच्छे रिश्ते बनाए रखने के लिए भारत की प्रतिबद्धता पर जोर देते हुए क्षेत्रीय कल्याण के अंतर्संबंधों के बारे में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि भारत का भविष्य उसके पड़ोसियों से जुड़ा है। उन्होंने बांग्लादेश में चल रही अशांति के बीच सकारात्मक संबंध बनाए रखने की अहमियत पर जोर दिया।
बांग्लादेश के बारे में बोलते हुए नरवणे ने आंतरिक मामलों पर टिप्पणी करने से परहेज किया और संबंधों को पोषित करने पर भारत के फोकस पर बल दिया। पूर्व सेना प्रमुख ने कहा कि राजनीतिक बयानबाजी अक्सर गलत सूचना फैलाती है। उन्होंने रचनात्मक बातचीत की जरूरत पर बल दिया। उन्होंने कहा, 'भारत ने हमेशा अन्य देशों के साथ अच्छे संबंध बनाए रखने की कोशिश की है।'
'हम दूसरों के हालातों पर नहीं करते टिप्पणी' :पूर्व सेना प्रमुख
उन्होंने कहा, 'हम दूसरों के हालातों पर टिप्पणी नहीं करते। राजनीति में लोग बहुत सी ऐसी बातें कहते हैं जो सच नहीं होतीं। भारत और उसके पड़ोसी देशों का भविष्य आपस में जुड़ा हुआ है और हम सभी को उनके साथ अच्छे संबंध बनाए रखने की आवश्यकता और इच्छा है।' गौरतलब है कि छात्र नेता शरीफ उस्मान हादी की मौत के बाद बांग्लादेश में फैली अशांति के बीच पूर्व सेना प्रमुख का यह बयान सामने आया है। इंकलाब मंच के संयोजक, प्रमुख छात्र नेता और आगामी फरवरी 2026 के राष्ट्रीय चुनावों में संसदीय उम्मीदवार हादी का 18 दिसंबर, 2025 को सिंगापुर में निधन हो गया।
बांग्लादेश हिंसा में हिंदू युवक की हत्या
ढाका में हुए एक हमले में उन्हें गोली लगी थी और इलाज के दौरान उनका निधन हुआ। बांग्लादेश में शनिवार को शरीफ उस्मान हादी को सुपुर्द-ए-खाक किया गया। हादी की नमाज-ए-जनाजा में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। परिवार की इच्छा के अनुसार हादी को राष्ट्रीय कवि काजी नजरुल इस्लाम की कब्र के बगल में दफनाया गया।
हादी की मौत के बाद बांग्लादेश में भड़की हिंसा के दौरान मयमनसिंह में 27 वर्षीय दीपू चंद्र दास की निर्मम हत्या कर दी गई थी। इस मामले में दस लोगों को गिरफ्तार किया गया है। रैपिड एक्शन बटालियन (आरएबी) ने सात संदिग्धों को पकड़ा, जबकि पुलिस ने तीन अन्य को गिरफ्तार किया।
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