वित्त वर्ष 2017-18 का बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री अरुण जेटली ने 2,74,000 करोड़ रुपये कर दिया गया है। साल 2016-17 में रक्षा बजट 2,49,000 करोड़ रुपये था। यदि पेंशन को छोड़ दिया जाए तो यह बढ़ोत्तरी 5.8 प्रतिशत की है।
वित्त मंत्री अरुण जेटली ने सेंट्रल डिफेंस ट्रैवल सिस्टम का गठन की घोषणा की। इसके जरिए सैनिक यात्रा टिकट की बुकिंग कर सकेंगे। इसके साथ ही पूर्व सैनिकों के लिए वेब आधारित डिफेंस पेंशन डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम के गठन की घोषणा की है।
जानकारों के अनुसार पुराने होते रक्षा ढांचे को सुदृढ़ करने के लिए रक्षा बजट में कम से कम 10 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की आवश्यक्ता थी। पिछले वित्त वर्ष में भी रक्षा बजट में 11 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की गई थी।
रक्षा बजट में पिछले तीन साल में इतनी बढ़ोत्तरी हुई है लेकिन रक्षा मंत्रालय आवंटित राशि को खर्च करने में नाकाम रहा है। पिछले चार साल में मंत्रालय ने 35,000 करोड़ रुपये खर्च नहीं कर सका है।
भारत दुनिया में सबसे ज्यादा रक्षा बजट वाले 10 देशों में शुमार है।