फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स

Fact Check: '10 सेकेंड सांस रोकने वालों को नहीं होगा कोरोना', 'गरम पानी है फायदेमंद', जानें इस खबर की सच्चाई

अपूर्वा राय
Updated Thu, 26 Mar 2020 06:10 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
कोरोना वायरस - फोटो : सोशल मीडिया

कोरोना वायरस से दुनिया भर में चार लाख 51 हजार से ज्यादा लोग संक्रमित हैं और मरने वालों की संख्या 20,000 के पार पहुंच गई है। केवल भारत में ही कोरोना के 600 से ज्यादा मामले सामने आए हैं। जिनमें से 13 लोगों की मौत हो चुकी है कोरोना वायरस और न फैले, इसके लिए पूरे देश में 21 दिनों के लॉकडाउन का एलान किया गया है। 

इसी बीच कोरोना वायरस को लेकर तरह-तरह की खबरें वायरल हो रही हैं। कभी कहा जा रहा है कि शराब पीने वालों को कोरोना वायरस का खतरा नहीं है तो कभी जियों की तरफ से फर्जी मैसेज वायरल कर लोगों से लाखों की घोखाधड़ी की जा रही है। ऐसे में लोग कन्फ्यूज हैं कि क्या सही है और क्या गलत। लोगों में उभरी ऐसी ही कुछ गलतफहमियों को दूर करने के लिए आइए जानते हैं इन बातों में कितनी सच्चाई है।

विज्ञापन

कोरोना वायरस - फोटो : सोशल मीडिया
कोरोना वायरस से दुनिया भर में चार लाख 51 हजार से ज्यादा लोग संक्रमित हैं और मरने वालों की संख्या 20,000 के पार पहुंच गई है। केवल भारत में ही कोरोना के 600 से ज्यादा मामले सामने आए हैं। जिनमें से 13 लोगों की मौत हो चुकी है कोरोना वायरस और न फैले, इसके लिए पूरे देश में 21 दिनों के लॉकडाउन का एलान किया गया है। 

इसी बीच कोरोना वायरस को लेकर तरह-तरह की खबरें वायरल हो रही हैं। कभी कहा जा रहा है कि शराब पीने वालों को कोरोना वायरस का खतरा नहीं है तो कभी जियों की तरफ से फर्जी मैसेज वायरल कर लोगों से लाखों की घोखाधड़ी की जा रही है। ऐसे में लोग कन्फ्यूज हैं कि क्या सही है और क्या गलत। लोगों में उभरी ऐसी ही कुछ गलतफहमियों को दूर करने के लिए आइए जानते हैं इन बातों में कितनी सच्चाई है।

वायरल खबर: अगर आप 10 सेकेंड तक अपनी सांस बिका रुकावट रोक सकते हैं, तो आपको कोरोना नहीं होगा।

तथ्य: वाट्सएप के माध्यम से फैलाई जा रही ये जानकारी सरासर गलत है। इसके पीछे अध्ययन ये कहता है कि कोरोना वायरस से पीड़ित कई युवा मरीज अपनी सांस 10 सेकेंड से ज्यादा समय तक रोक कर रख सकते हैं। जबकि कई बुजुर्ग जो इस वायरस से पीड़ित नहीं हैं, वह अपनी सांस नहीं रोक सकते। ऐसे में अगली बार जब ये खबर आप तक पहुंचे तो आपको इन खबरों पर यकीन नहीं करना है।

drinking water - फोटो : pixa
वायरल खबर: कोरोना वायरस हमारे गले में जिंदा रहता है। ऐसे में खूब गरम पानी पीने से वायरस खत्म हो जाएगा।
तथ्य: वायरस हमारे गले के रास्ते शरीर में दाखिल तो जरूर हो सकता है, लेकिन यह होस्ट सेल्स में प्रवेश करता है। आप इसे गरम पानी पीकर दूर नहीं कर सकते। ये अफवाह भी फेक्ट चेक में गलत साबित होती है। हमारा अनुरोध है कि इस तरह वायरल हो रही किसी भी खबर पर आंख बंद करके भरोसा न करें। इसकी सही पड़ताल करें और जिम्मेदार नागरिक होने का कर्तव्य निभाएं।

लहसुन अदरक - फोटो : file photo
वायरल खबर: ज्यादा लहसुन खाने से कोरोना वायरस नहीं होगा।

तथ्य- जैसे ही लोगों तक ये बात वाट्सएप के जरिए फैली मलसुन खरीदने के लिए बाजारों में भीड़ उमड़ पड़ी। लोग भारी मात्रा में लहसुन खरीदने लगे बिना ये सोचे कि इस खबर में जरा भी सच्चाई है या नहीं। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार लहसुन में कुछ एंटीमाइक्रोबाइल प्रॉपर्टी होती हैं, लेकिन इस बात का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं मिल पाया है कि लहसुन कोरोना वायरस के खिलाफ काम करता है। इस बात के भी कोई प्रमाण नहीं हैं कोई एक फूड कोविड-19 को रोक सकता है। अगर ऐसा होता तो सबसे पहले भारत में इसकी वैक्सीन बनकर तैयार हो गई होती।

यूनिवर्सिटी ऑफ मैरीलैंड के चीफ क्वालिटी ऑफिसर डॉक्टर फहीम यूनुस ने ने सोशल मीडिया पर किए जा रहे ऐसे दावों को महज अफवाह बताया है।

बता दें सामाजिक दूरी के जरिए ही इस वायरस के संक्रमण को रोका जा सकता है। अगर किसी में सर्दी-जुकाम या फिर खांसी, सांस लेने में दिक्कत जैसी समस्या है तो ऐसे लोगों से दूरी बनाकर रखें। इसके साथ ही किसी भीड़ वाली जगह पर कम से कम लोगों से 6 फीट की दूरी जरूरी है। साथ ही ऐसी वायरस खबरों पर भरोसा करने और इसे फॉरवर्ड करने से पहले इसकी जांच पड़ताल कर लें।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next