डोनाल्ड ट्रंप और नरेंद्र मोदी file
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दुनिया के 200 से अधिक देश कोरोना वायरस के संकट से जूझ रहे हैं। ऐसे दौर में जो देश सक्षम हैं, वे अन्य देश की मदद कर रहे हैं। कई देश एक-दूसरे को मास्क और मेडिकल सूट दे रहे हैं तो कोई दवाइयां पहुंचा रहा है। इस वक्त हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन (hydroxychloroquine) नामक दवा की मांग बहुत ज्यादा है और भारत इसका सबसे बड़ा निर्यातक है। हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन दवा का इस्तेमाल मलेरिया में बड़े स्तर पर होता है लेकिन कोरोना वायरस से लड़ने में भी हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन मदद कर रही है। इस दवा को लेकर अमेरिका और भारत के संबंधों की अचानक से चर्चा होने लगी है।
डोनाल्ड ट्रंप का भारत को धमकी में है कितनी सच्चाई?
दरअसल कोरोना के बढ़ते मामले को देखते हुए सरकार ने 14 जरूरी दवाइयों के निर्यात पर पाबंदी लगा दी थी। इन 14 दवाइयों में हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन भी थी। भारत के इस कदम के बाद डोनाल्ड ट्रंप के एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के वीडियो के हवाले से सोशल मीडिया पर अफवाह फैली और दावा किया गया कि ट्रंप ने भारत को धमकी देते हुए कहा है कि भारत ने हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन के निर्यात पर से प्रतिबंध नहीं हटाया तो वह जवाबी कार्रवाई कर सकते हैं।
आखिर डोनाल्ड ट्रंप ने भारत के बारे में कहा क्या?
सबसे पहले आपको बता दें कि ट्रंप ने भारत को हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन के निर्यात को लेकर धमकी नहीं दी है। जिस वीडियो के हवाले से दावा किया जा रहा है कि डोनाल्ड ट्रंप ने भारत को धमकी देते हुए कहा है कि यदि भारत हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन का निर्यात नहीं करता है तो अमेरिका भारत पर कार्रवाई कर सकता है, उस वीडियो को यूट्यूब पर
द व्हाइट हाउस (The White House) चैनल पर देखा जा सकता है। वीडियो में 30.42 सेकेंड पर एक रिपोर्टर ट्रंप से सवाल पूछता है जिसमें इस बात की चर्चा है।
- रिपोर्टर- सर, क्या आप मेडिकल सामानों के निर्यात पर प्रतिबंध लगाने के अपने फैसले से चिंतित हैं, जैसे कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संयुक्त राज्य अमेरिका और अन्य देश में हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन का निर्यात नहीं करने का निर्णय लिया है?
- ट्रंप- मैं उस फैसले को पसंद नहीं करता। मैंने नहीं सुना कि यह उनका निर्णय था। मुझे पता है कि उन्होंने अन्य देशों के लिए हाइड्रोक्सीक्लोरोक्वीन रोक दिया गया है। मैंने कल उनसे (मोदी) बात की थी। हमारे बीच बहुत अच्छी बात हुई। अमेरिका का भारत के साथ संबंध अच्छा है। पिछले कई सालों से भारत और अमेरिका को व्यापारिक संबंधों का लाभ मिल रहा है, इसलिए मुझे आश्चर्य होगा कि यह उनका निर्णय है। मैंने रविवार सुबह उन्हें फोन किया और बात की। निर्यात की अनुमति देने के लिए हमने उनकी तारीफ की। अगर वे सहयोग नहीं भी करते हैं तो कोई बात नहीं, लेकिन वे हमसे भी इसी तरह की प्रतिक्रिया की उम्मीद रखें।
भारत ने दवाओं के निर्यात से हटाई रोक
सोमवार को भारत ने हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन जैसी जरूरी दवाओं के निर्यात पर लगे प्रतिबंध को हटा दिया। भारत के इस फैसले पर डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी की तारीफ की और कहा कि मोदी महान हैं, वह बहुत अच्छे नेता हैं। ट्रंप ने अमेरिकी न्यूज चैनल फॉक्स न्यूज से बातचीत के दौरान कहा- नरेंद्र मोदी ने हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन के मामले में हमारी मदद की है, वह काफी अच्छे हैं। डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि हम विदेश से कई दवाइयां मंगवा रहे हैं। इसमें भारत में बनाई जाने वाली हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन दवाइयां भी शामिल है। इसे लेकर मैंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से भी बात की थी। अमेरिका ने कोरोना महामारी से लड़ने के लिए भारत से हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन की 29 मिलियन डोज खरीदी है।