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अच्छी खबर: कोरोना की दूसरी लहर का कहर खत्म, 20 जून के बाद मामलों में तेजी से आएगी कमी!

Mon, 31 May 2021 06:40 PM IST
Harendra Chaudhary डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सफदरजंग अस्पताल में डिपार्टमेंट ऑफ कम्युनिटी मेडिसिन के डायरेक्टर प्रोफेसर और हेड डॉ. जुगल किशोर ने बताया कि डब्ल्यूएचओ के पैमाने के आधार पर भी कहा जा सकता है कि ये लहर अब खत्म हो गई है। लेकिन अब हमारे लिए ये चुनौती होगी की वायरस दोबारा से उतना प्रभावी होकर न लौटे...
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कोविड आइसोलशन वार्ड - फोटो : अमर उजाला (फाइल)
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विस्तार
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कोरोना महामारी की दूसरी लहर तेजी से कमजोर पड़ने लगी है। ऐसे में कई राज्यों ने फिर से अनलॉक की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। देश में 50 दिन बाद कोरोना के सबसे कम मामले सामने आए हैं। बीते 24 घंटों में कोरोना के 1.52 लाख मामले सामने आए और करीब 3,100 लोगों की कोरोना के कारण मौत हुई। दैनिक संक्रमण दर भी पिछले छह दिनों से 10 फीसदी से नीचे बनी हुई है और साप्ताहिक संक्रमण दर भी 10 फीसदी से नीचे आ गई है। हालांकि, कोरोना वायरस के चलते रोज होने वाली मौतों की संख्या कम नहीं हो रही है और यह अभी भी तीन हजार से ज्यादा बनी हुई है। इस बीच ये सवाल उठ रहा है कि क्या देश में कोरोना की दूसरी लहर का कहर ख़त्म हो गया या नहीं।

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सफदरजंग अस्पताल में डिपार्टमेंट ऑफ कम्युनिटी मेडिसिन के डायरेक्टर प्रोफेसर और हेड डॉ. जुगल किशोर ने अमर उजाला को बताया कि देश मे कम होते कोरोना के मामलों को देख कहा जा सकता है कि देश में कोरोना की दूसरी लहर का कहर ख़त्म हो गया है। डब्ल्यूएचओ के पैमाने के आधार पर भी कहा जा सकता है कि ये लहर अब खत्म हो गई है। लेकिन अब हमारे लिए ये चुनौती होगी की वायरस दोबारा से उतना प्रभावी होकर न लौटे। इस पर हमें लगातार निगरानी रखनी होगी। ये भी देखना होगा कि वायरस का स्वरूप कहीं बदल तो नहीं रहा है। कोई नया वेरिएंट तो नहीं आ रहा है। जैसे ही कोई नया वैरिएंट दिखे उसे रोकने में हमारा सिस्टम एक्टिव हो जाए। अगर नए वेरिएंट के केस सामने आते हैं तो तुंरत उनको आइसोलेट करें, वही कोशिश करें कि जो लोग ऐसे लोगों के संर्पक में आए हैं उन्हें भी तुरंत क्वारंटीन किया जाए। बीमारी पर नजर रखते हुए तुंरत उनका इलाज करें। ताकि लोगों में ये फैल नहीं सके।

इंडियन काउंसिल ऑफ मेडिकल रिसर्च के विशेषज्ञों के अनुमान के अनुसार जून के महीने में न केवल नए कोरोना मरीजों की संख्या पूरी तरह घट जाएगी, बल्कि कोरोना की दूसरी लहर भी खत्म हो जाएगी। कोविड संक्रमण की रोकथाम के लिए काम कर रहे स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि यह कोई दावा नहीं है लेकिन मजबूत अनुमान है कि 20 जून के बाद या महीने के आखिरी हफ्ते में देशभर में कोरोना के मामले पूरी तरह थम जाएंगे।

कई राज्यों में खत्म कम हुआ कहर

देश के कई राज्यों में कोरोना की दूसरी लहर अब खत्म हो चुकी है। दूसरी लहर की पीक को गुजरे 2 से 3 हफ्ते तक हो चुके हैं। महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, बिहार, राजस्थान, दिल्ली, गुजरात, छत्तीसगढ़, झारखंड, दादरा एवं नगर हवेली, दमन और दीव, तेलंगाना, हरियाणा, उत्तराखंड और गोवा में नए केस 50 फीसदी से भी कम आ रहे हैं। इन राज्यों के हालत पहले से बेहतर होते नजर आ रहे हैं।

केरल और कर्नाटक में भी नए मामले घटते नजर रहे हैं। हालांकि, कर्नाटक की स्थिति अभी भी नाजुक बनी हुई है क्योंकि ज्यादातर नए केस बेंगलुरु और आसपास में केंद्रित दिख रहे हैं। लद्दाख, चंडीगढ़, अंडमान-निकोबार, पंजाब, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में नए केस घट तो रहे हैं लेकिन अब भी पीक के 50 फीसदी से ज्यादा हैं। इसके अलावा पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश जैसे राज्यों में स्थिति में अभी सुधार नहीं हुआ है।
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बच्चों और गर्भवती महिलाओं का शुरू हो टीकाकरण

डॉ. किशोर ने कहा कि आज हमारे पास कोरोना का टीका मौजूद है जो पुराने वायरस, वैरिएंट और म्यूटेट वायरस पर तेजी से असर करता है। इससे लोगों को फायदा मिल रहा है। आज सरकार की कोशिश होनी चाहिए कि सभी को जल्द से जल्द वैक्सीन लग सके। इससे कोरोना संक्रमण के प्रसार पर भी काबू पाया जा सकता है। हमारी कोशिश हो कि लोगों को वैक्सीन के प्रति जागरूक करते रहें।

जनवरी-फरवरी में भी लोगों ने वैक्सीन के प्रति लापरवाही बरती थी। वे सोच रहे थे कि कोरोना अब ख़त्म हो गया तो फिर वैक्सीन क्यों लगवाएं। इस कारण हमारी वैक्सीन भी बरबाद हुई। अब जब लोग लगवाना चाहते हैं तो जल्दी से जल्दी टीकाकरण कार्यक्रम को तेजी से चलाना चाहिए। आज 18 वर्ष से ज्यादा उम्र के लोगों को कोरोना का टीका लग रहा है। इसके बाद बच्चों और गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण तेजी से चलाया जाना चाहिए। क्योंकि कई रिसर्च कहती है कि कोरोना का टीका इन लोगों के लिए भी सुरक्षित है।  

कोरोना की तीसरी लहर के सवाल पर डॉ. जुगल किशोर ने कहा कि अगर देश में तेजी से टीकाकरण अभियान चलाया जाता है तो तीसरी लहर कमजोर पड़ सकती है। सरकार इस पूरे साल अगर भीड़ वाले कार्यक्रमों को प्रतिबंधित करें तो तीसरी लहर से बचा जा सकता है। आज लोगों को ये सिखाने की ज़रूरत है कि वे शरीर के इम्यून सिस्टम को कैसे मजबूत रखें ताकि कोरोना से लड़ सकें। आज लोगों में पोस्ट कोविड के लक्षण साफ साफ दिखाई दे रहे हैं। जिन भी लोगों को कोरोना संक्रमण हुआ है या हुआ था वे अगले छह माह सतर्क रहें क्योंकि लोगों में महीनों बाद भी बुखार, डायरिया, खांसी के लक्षण दिखाई दे रहे हैं। ऐसे में तुंरत डॉक्टर से संपर्क करें और इलाज शुरू करवाएं।
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